फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कलक्ट्रेट में गरजे मजदूर

विज्ञापन
बागेश्वर कलक्ट्रेट में धरना-प्रदर्शन करते श्रमिक। संवाद न्यूज एजेंसी - फोटो : BAGESHWAR
विज्ञापन
बागेश्वर। भारतीय मजदूर संघ ने श्रमिक संगठनों की समस्याओं को लेकर कलक्ट्रेट परिसर में धरना देने के साथ ही प्रदर्शन किया। संघ ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर पंजीकृत श्रमिकों की समस्याओं का जल्द निदान करने की मांग की।
विज्ञापन

बुधवार को मजदूर संघ के संयोजक गणेश बोरा के नेतृत्व में कलक्ट्रेट पहुंचे श्रमिकों ने धरने के बाद डीएम विनीत कुमार के माध्यम से प्रधानमंत्री को भेजे ज्ञापन में कहा कि पंजीकृत श्रमिकों को कौशल विकास कार्यक्रम के तहत वर्ष 2017-18 में 15-15 दिन का प्रशिक्षण दिया गया था। वेलफेयर बोर्ड ने प्रशिक्षण का प्रति श्रमिक 4200 रुपये का भुगतान आज तक नहीं किया है। कहा कि श्रमिकों के बच्चों को छात्रवृत्ति भी नहीं दी गई है। लॉकडाउन के दौरान सरकार की ओर से मजदूरों के लिए घोषित एक-एक हजार रुपये की सहायता राशि तमाम मजदूरों के खातों में नहीं पहुंची है।
श्रमिकों के परिजनों को मृत्यु उपरांत मिलने वाली सहायता के साथ ही प्रसवोपरांत सहायता नहीं मिली है। श्रमिक ध्वनि विस्तारक यंत्र के साथ कलक्ट्रेट पहुंचे थे। एडीएम हेमंत कुमार वर्मा ने कोरोना की गाइड लाइन को देखते हुए ध्वनि विस्तारक यंत्र का प्रयोग नहीं करने दिया।
विज्ञापन

धरने में ये लोग थे शामिल
बहादुर सिंह रावत, विश्वंभर दत्त भट्ट, शिव चरण सिंह, धीरज जोशी, नीमा देवी, यमुना देवी, छाया रौतेला, लक्ष्मी देवी, शीला परिहार, देवकी देवी, प्रेमा देवी, चंपा देवी, बचुली देवी, नैन सिंह, बलवंत सिंह, लाल सिंह, गोपाल राम, भोपाल सिंह, नवीन भट्, देवकी बोरा, भावना रौतेला, चंद्रकला जोशी, गोपाल सिंह भंडारी, तुलसी देवी, पुष्पा देवी, निर्मला गोस्वामी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें