विकास खंड जन संघर्ष समिति की बैठक में कठपुड़ियाछीना को अलग ब्लॉक नहीं बनने पर रोष जताया गया। बैठक में तय किया गया कि यदि ब्लॉक का गठन शीघ्र नहीं हुआ तो 20 नवंबर से क्षेत्र के गांवों में 10 दिवसीय जनजागरण अभियान चलाया जाएगा। इससे भी काम नहीं बना तो दो दिसंबर को तहसील मुख्यालय पर जुलूस प्रदर्शन कर आंदोलन की रणनीति तैयार की जाएगी।
विकास खंड जन संघर्ष समिति के अध्यक्ष नरेंद्र रावत की कठपुड़ियाछीना में हुई बैठक में वक्ताओं ने कहा कि कठपुड़ियाछीना को अलग ब्लॉक बनाने की मांग बागेश्वर जिले के साथ ही उठी थी। जिला तो 1997 में बन गया, लेकिन ब्लॉक की मांग पूरी नहीं हुई। ब्लॉक नहीं बनने से गांवों का विकास चौपट है। इस मांग को लेकर अब तक कई बार आंदोलन हुए हैं, लेकिन आज तक कोई सुनवाई नहीं हो सकी है। बैठक में तय किया गया कि यदि सरकार ने ने इस मांग को शीघ्र पूरा नहीं किया तो क्षेत्र के गांवों में 20 से 30 नवंबर तक लोगों को जागरूक करने के लिए गांव गांव में जनजागरण अभियान चलाया जाएगा। क्षेत्र के लोगों सेे प्रस्तावित कार्यक्रम में बढ़चढ़कर शामिल होने की अपील की गई।
बैठक में ओम प्रकाश टम्टा, देवी दत् मिश्रा, महेश मिश्रा, पूरन सिंह असवाल, बसंत लाल, पूरन रावत, नारायण सिंह, जगदीश प्रसाद, नाथ लाल टम्टा, संतोष कुमार, गोविंद प्रसाद, नंद किशोर मिश्रा, चंदन मेहता, शंभू दत्त मिश्रा, हरीश तिवारी और प्रेम राम आदि थे।