बागेश्वर। राष्ट्रीय स्तर से मिले निर्देशों के अनुपालन में भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) ने शुक्रवार को चेतावनी दिवस के रूप में मनाया। जिला मुख्यालय में बीएमएस ने धरना-प्रदर्शन करने के बाद डीएम को ज्ञापन सौंपा। इसमें सन्निर्माण मजदूरों, खेतिहर किसानों, आशा कर्मचारियों, आशा फैशीलेटरों, अंशकालिक मजदूरों, भोजनमाताओं, आंगनबाड़ी कर्मचारियों, ग्राम प्रहरियों की समस्याओं का शीघ्र समाधान करने की मांग की।
मजदूर संघ के संरक्षक गणेश सिंह बोरा के नेतृत्व में कार्मिकों ने संविदा, बाह्यस्रोत, ठेका प्रथा को समाप्त करने, नियमित रोजगार देने की मांग की। कहा कि सरकार श्रम कानूनों से छेड़छाड़ कर निर्धारित अवधि का रोजगार ला रही है। ईएसआई और अन्य सामाजिक सुरक्षा कानूनों को लागू किया जाए। पीएफ की पेंशन कर्मचारियों के वेतन का आधा दिया जाए, ताकि पीएफ का लाभ खाताधारक, परिवार को सदस्यों को मिल सके।
आशा कार्यकर्ता, आशा फैसीलिटेटर, जल संस्थान के अंशकालिक कर्मचारी, ग्राम प्रहरी, भोजनमाताओं का न्यूनतम वेतन 21 हजार करने की मांग की। इस अवसर पर बीएमएस के अध्यक्ष विशन दत्त, उपाध्यक्ष शिव सिंह बिष्ट, लाल सिंह, बबीता, गीता कांडपाल, हेमा देवी, कमला देवी, सरिता, भगवती देवी, सरस्वती देवी, दीपा देवी, प्रेमा देवी, यमुना देवी, भावना देवी, छाया रौतेला, कविता देवी, गंगा देवी, हेमा देवी, मोहनी देवी, विमला देवी, मंजू देवी, मीना देवी, बसंती देवी, राधा देवी, चंपा देवी, पुष्पा पंत आदि रहे।