बागेश्वर। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने ट्रांसफार्मर चोरी करने के तीन आरोपियों को तीन-तीन साल के कारावास और 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। तीनों अभियुक्त नगलिया उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। मामले के अनुसार 21 सितंबर 2014 को कपकोट के विद्युत सब स्टेशन से एक ट्रांसफार्मर चोरी हो गया था।
पॉवर कार्पोरेशन के उपखंड अधिकारी राकेश सिंह की ओर से कपकोट थाने में ट्रांसफार्मर चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद जब पुलिस ने छानबीन शुरू की तो चोरी गया ट्रांसफार्मर अजरुद्दीन पुत्र अशरफ, मुश्तफा पुत्र रईस और शाकिर हुसैन पुत्र अली हसन निवासी नगलिया उत्तर प्रदेश के पास से बरामद हुआ।
इस मामले की विवेचना एसआई राम सिंह मेहरा ने की। चोरी का यह मामला मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राकेश कुमार सिंह की अदालत में चला। इस मामले में पैरवी सरकार की ओर से अभियोजन अधिकारी ललित मोहन आर्य ने की। अभियोजन की ओर से कुल आठ गवाह पेश किए गए।
सभी तथ्यों को सुनने के बाद मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने दोष सिद्घ करते हुए तीनों आरोपियों को तीन-तीन साल के कारावास और 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा नहीं करने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।