बागेश्वर के कराला पालड़ी में अनशन में बैठे सेनानी पुत्र फतेह सिंह करायत। संवाद न्यूज एजेंसी
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बागेश्वर। पालड़ीछीना-जैन करास-कनगाड़छीना मार्ग का निर्माण कार्य पूरा कराने के लिए स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. महेंद्र सिंह करायत के पुत्र सेवानिवृत्त नायब सूबेदार फतेह सिंह करायत ने आमरण अनशन शुरू कर दिया है। उन्होंने शासन और प्रशासन पर वर्षों से अनदेखी करने का आरोप लगाया। कहा कि सड़क पर डामरीकरण और अधूरा निर्माण कार्य पूरा करने का लिखित आश्वासन मिलने के बाद ही उनका अनशन समाप्त होगा।
पालड़ीछीना से कनगाड़छीना तक बन रही 12 किमी लंबी सड़क का नामकरण स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय महेंद्र सिंह करायत के नाम पर किया गया है। मोटर मार्ग के लिए स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के परिवार ने लंबा संघर्ष किया। अब भी जैन करास से कनगाड़छीना तक पांच किमी सड़क का निर्माण अधर में लटका है। कई बार क्षेत्रवासियों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के उत्तराधिकारियों ने शासन और प्रशासन को ज्ञापन दिया लेकिन काम शुरू नहीं हो सका। 26 जनवरी को भी स्वतंत्रता सेनानी के पुत्र ने तहसील परिसर में एक दिन का उपवास किया था।
इसके बाद भी सुध नहीं लिए जाने पर उन्होंने सोमवार से आमरण अनशन शुरू किया है। उनका कहना है कि मोटर मार्ग 10 साल से बन रहा है। अब तक केवल सात किमी सड़क ही काटी जा सकी है। पांच किमी सड़क का कटान बाकी है। काटी गई सड़क पर डामरीकरण भी किया जाना है। उन्होंने कहा कि इस बार सड़क के लिए आरपार की लड़ाई होगी। जब तक शासन और प्रशासन की ओर से ठोस आश्वासन नहीं मिल जाता क्षेत्रवासियों के साथ आंदोलन जारी रहेगा। ग्राम प्रधान मोहन सिंह करायत, अनीता देवी, ललिता रौतेला, पूजा देवी, शंकर करायत, ठाकुर सिंह सहित क्षेत्र के तमाम गांवों के लोगों ने अनशन के समर्थन में धरना दिया।