कांडा क्षेत्र के बांजझिरोटी गांव में लगाया गया ट्रांसफार्मर एक माह में ही फुंक गया। ट्रांसफार्मर फूंकने से यहां के 150 परिवार पिछले 10 दिन से अंधेरे में हैं। बिजली न होने से ग्रामीणों के मोबाइल फोन भी शोपीस बन गए हैं।
कांडा के बांजझिरोटी गांव में 150 परिवार रहते हैं। गांव में लगा ट्रांसफार्मर एक माह पूर्व फुंक गया था। इसके बाद विभाग ने नया ट्रांसफार्मर लगाया लेकिन यह भी एक माह के भीतर ही फुंक गया। दूसरा ट्रांसफार्मर भी फुंकने से अब पूरा गांव पिछले दस दिनों से अंधेरे में डूबा है। इससे ग्रामीणों को रात्रि प्रकाश के लिए केरोसिन पर निर्भर होना पड़ रहा है।
विद्युत आपूर्ति ठप होने का असर संचार सेवाओं पर भी पड़ रहा है। बिजली नहीं होने से ग्रामीण मोबाइल फोन भी चार्ज नहीं कर पा रहे हैं। कुछ ग्रामीण मोबाइल फोन चार्ज करने के लिए दूसरे गांवों में जाने को मजबूर हैं। ग्राम प्रधान भगवान सिंह भंडारी ने बताया कि ट्रांसफार्मर फुंकने से गांव अंधेरे में डूबा है। बिजली नहीं होने के कारण छात्र-छात्राओं की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। उन्होंने बताया कि रात्रि में प्रकाश व्यवस्था नहीं होने से जंगली जानवरों का खतरा बना हुआ है। उन्होंने विद्युत विभाग से शीघ्र नया ट्रांसफार्मर लगाने की मांग की है।