गरुड़ (बागेश्वर)। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत की ओर से शुक्रवार को कोट भ्रामरी मंदिर में 52 किलो पीतल की घंटी धार्मिक अनुष्ठान के साथ चढ़ाई गई। कपकोट के विधायक ललित फर्स्वाण ने कहा कि कोट भ्रामरी नंदाष्टमी मेले के उद्घाटन के दौरान पूर्व सीएम रावत ने जिन विकास कार्यों की घोषणा की थी, उन योजनाओं का शासनादेश हो चुका है।
तत्कालीन सीएम रावत ने कोट भ्रामरी में लगे नंदा अष्टमी मेले का उद्घाटन किया था। तब उन्होंने मंदिर के गेट पर 52 किलो की घंटी चढ़ाने का संकल्प लिया था। राज्य में चल रही राजनीतिक उथल, पुथल के चलते पूर्व सीएम घंटी चढ़ाने स्वयं मंदिर नहीं आ सके। जिस कारण पूर्व सीएम रावत की ओर से खरीदी गई घंटी शुक्रवार को उनके परिजनों ने रामनवमी के दिन धार्मिक अनुष्ठान के बीच मंदिर गेट पर चढ़ाई।
पुजारियों ने घंटी की प्रतिष्ठा कराई। वहां कपकोट के विधायक ललित फर्स्वाण, ब्लॉक प्रमुख भरत फर्स्वाण, राजेंद्र परिहार, मंदिर के पुजारी पप्पू तिवारी, एनएसयूआई के जिलाध्यक्ष रंजीत रावत, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष रंजीत डसीला, पूर्व बीसूका उपाध्यक्ष भुवन पाठक, राजेंद्र तिवारी, हीरा सिंह बोरा, रेखा भंडारी, बीना मेहरा, दीवान सिंह भंडारी, गोपाल दत्त भट्ट, उमेश जोशी आदि थे।