बागेश्वर। जिले का रोडवेज डिपो बगैर एआरएम के संचालित हो रहा है। डिपो के प्रभारी एआरएम बीते डेढ़ महीने पहले कार्यभार ग्रहण करने के बाद से एक बार भी डिपो में नहीं पहुंचे हैं। डिपो के स्टेशन प्रभारी स्वास्थ्य कारणों के चलते अवकाश पर हैं। वरिष्ठ लिपिक के भरोसे डिपो संचालित हो रहा है।
चार सितंबर 2022 को जिले में रोडवेज डिपो की स्थापना की गई लेकिन अब तक डिपो में केवल तीन महीने के लिए एआरएम की नियुक्ति हुई। जुलाई के अंत तक उन्हें जिले से स्थानांतरित कर दिया गया। जिले के डिपो का प्रभार अल्मोड़ा डिपो के एआरएम विजय तिवारी को सौंपा गया लेकिन प्रभार मिलने के बावजूद प्रभारी एमआरएम एक बार भी डिपो में नहीं पहुंचे।
डिपो में कार्यरत स्टेशन प्रभारी 30 सितंबर को रिटायर्ड होने वाले हैं। वर्तमान में वह स्वास्थ्य कारणों से अवकाश पर हैं। डिपो की व्यवस्थाएं एकमात्र वरिष्ठ सहायक के भरोसे संचालित हो रही है। डिपो में स्थायी एआरएम और पर्याप्त संसाधनों की कमी होने से सेवाओं के संचालन में दिक्कतें आ रही हैं। चार साल बाद भी डिपो से महज चार सेवाओं का ही संचालन हो रहा है।
कोट
डिपो में स्टेशन प्रभारी के सेवानिवृत्त होने की सूचना मुख्यालय को भेज दी है। एआरएम की तैनाती का मामला भी मुख्यालय स्तर का है। जल्द डिपो का निरीक्षण किया जाएगा और नई सेवाओं की भी तैयारी की जा रही है। - विजय तिवारी, एआरएम, रोडवेज