बीडी पांडेय डिग्री कालेज को कैंपस का दर्जा देने की मांग को लेकर छात्र संघ सहित अभाविप, एनएसयूआई व एएसएफ अब एक मंच पर आकर आंदोलन को धार देंगे। शुक्रवार को सभी संगठनों के पदाधिकारियों ने मांग के समर्थन में नारेबाजी की।
बागेश्वर महाविद्यालय को कैंपस का दर्जा देने की मांग को लेकर चल रहा आंदोलन शुक्रवार को भी जारी रहा। कहा कि बागेश्वर महाविद्यालय को कैंपस का दर्जा दिए बिना छात्र छात्राओं को लाभ नहीं मिल सकता है। नए व्यवसायिक पाठ्यक्रम खुलने चाहिए। व्यवसायिक डिग्री लेने के लिए बाहरी जिलों में जाना पड़ता है।
शुक्रवार को छात्र संघ अध्यक्ष शशांक वर्धन, मुकेश कुमार अनशन में बैठे। धरने में अंजू पपोला, इंदु खाती, आरती पांडे, हेमा मेहरा, मुकेश, एनएसयूआइ जिलाध्यक्ष गोकुल परिहार, गोविंद चंदोला, मनीष कुमार आदि थे। छात्र संगठनों ने निर्णय लिया कि वह आम छात्र हितों से जुड़ी इस मांग को अंजाम तक पहुंचाने के सभी एक मंच पर आएंगे।
छात्रों ने दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी
कपकोट (बागेश्वर)। राजकीय महाविद्यालय की लंबित मांगों को लेेकर छात्रों का यहां चल रहा क्रमिक अनशन तीसरे दिन भी जारी रहा। शुक्रवार को क्रमिक अनशन में गोविंद कपकोटी (गोला)बैठे। सभा में वक्ताओं ने जुुलाई से एमए की कक्षाएं संचालित करने, लाइब्रेरियन की नियुक्ति करने और चहारदीवारी समेत अन्य समस्याओं का समाधान करने की मांग की। छात्रों ने समस्याओं का जल्द समाधान न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी। वहां गोविंद कपकोटी, कमलेश गढ़िया, नंदन गढ़िया, नवीन कपकोटी, योगेश कपकोटी आदि थे।