एकीकृत आजीविका सहयोग परियोजना तकनीकी संस्था द गोट ट्रस्ट लखनऊ की ओर से यहां पांच दिवसीय प्रशिक्षण शुरू हो गया है। परियोजना प्रबंधक धर्मेंद्र कुमार पांडे ने कहा कि पशुपालन को बढ़ावा देने में पशु सखी योजना मददगार होगी। उन्होंने प्रशिक्षणार्थी समूहों से जुड़ी महिलाओं से प्रशिक्षण पूरे मनोयोग से लेने को कहा।
एकीकृत आजीविका सहयोग परियोजना प्रबंधक पांडे ने कहा कि मुख्यमंत्री ने राज्य के विभिन्न ब्लॉकों में मुनस्यारी, धारचूला, कालसी और गरुड़ में बकरी पालन का कार्यक्रम चलाया है। इस ब्लॉक में दो सामुदायिक पशुधन मैनेजर ग्रामीण स्तर पर कार्यक्रम चलाएंगे। जिसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र में बकरी पालन को प्राथमिक उपचार प्रबंधन की सेवा देना है। प्रशिक्षण के बाद पशु सखी गांवों में अपनी सेवा देंगी।
प्रशिक्षण स्टेट कोआर्डिनेटर मानिक चौधरी, तकनीकी निदेशक गोट इंडिया भीष्म सिंह दे रहे हैं। वहां तकनीकी संस्था के चंद्रमणि उनियाल, विरेंद्र गुसाईं, विशन लुम्याल, ललिता देवी, राधा देवी, हरीश मिश्रा और रमेश कुमार आदि थे।