बागेश्वर। पुलिस लाइन के पास कूड़ा डालने के विरोध में मालता-दफौट क्षेत्र के ग्रामीणों ने सड़क पर चक्काजाम कर दिया। सुबह छह से 11 बजे तक चले जाम में स्कूल बसों के साथ ही सैकड़ों वाहन फंसे रहे। इस दौरान ग्रामीणों ने चार दिन बाद शहर का कूड़ा फेंकने पहुंचे नगरपालिका के वाहनों को लौटा दिया। ग्रामीणों के जबरदस्त विरोध के चलते वाहन कूड़ा डाले बिना लौट आए। ऐसे में शहर के विभिन्न स्थानों पर कूड़ा भरे वाहनों से दुर्गंध उठती रही।
पहले से तय कार्यक्रम के तहत शुक्रवार की सुबह छह बजे मालता, दफौट क्षेत्र के गांव के लोगों ने मालता-दफौट सड़क में पुलिस लाइन के पास चक्का जाम कर दिया। जिस कारण स्कूली बसों के साथ ही सैकड़ों वाहन मार्ग में ही फंस गए। देर होने से अधिकतर छात्र-छात्राओं को आधे रास्ते से ही घर लौटना पड़ा। इस दौरान ग्रामीणों ने शहर से कूड़ा लेकर पहुंचे नगरपालिका के वाहनों को कूड़ा नहीं डालने दिया। ग्रामीणों के भारी विरोध के चलते बिना कूड़ा निस्तारण के ही वाहन शहर को लौट गए।
एसडीएम फिंचाराम चौहान के समझाने के बावजूद इसके बाद प्रदर्शनकारी ग्रामीण कलक्ट्रेट जा धमके। कलक्ट्रेट में डीएम कार्यालय के बाहर धरना देते हुए पुलिस लाइन के पास कूड़ा निस्तारण बंद करने की मांग की। ग्रामीणों का कहना था कि इस मार्ग पर कूड़ा डालने के कारण उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। आबादी के पास गंदगी के कारण पर्यावरण भी दूषित हो रहा है। एडीएम एसएस जंगपांगी ने ग्रामीणों को समझाया। एडीएम द्वारा शीघ्र समस्या का समाधान करने का आश्वासन देने के बाद ही ग्रामीणों ने धरना, प्रदर्शन समाप्त किया।
कूड़ा लदे वाहनों के वापस शहर में खड़े होने से नगर में दुर्गंध उठती रही। आने-जाने वाले लोगों को नाक पर रुमाल रखकर गुजरना पड़ा। इतना ही नहीं सड़क पर दुर्गंध मार रहे कूड़े के वाहनों के कारण लोगों को खिड़की दरवाजे तक बंद रखने पड़े। लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ी। प्रशासन भी इस मामले में अभी तक कोई निर्णय नहीं ले पाया है। इसके चलते समस्या दिनों दिन बढ़ती जा रही है। गंदगी के कारण संक्रामक बीमारियों का खतरा पैदा हो गया है। यदि प्रशासन ने शीघ्र कूड़ा निस्तारण नहीं कराया तो समस्या गंभीर हो सकती है।
बागेश्वर। कूड़ा निस्तारण को लेकर पांच दिनों से चली आ रही समस्या के शनिवार से और अधिक विकराल होने की आशंका है। पहले पुलिस प्रशासन और अब ग्रामीणों की ओर से पुलिस लाइन के पास कूड़ा डालने का विरोध करने से खिन्न पालिका ने शनिवार से नगर की सफाई व्यवस्था बंद रखने का एलान किया है।
शनिवार से नगरपालिका के पर्यावरण मित्र शहर की सफाई नहीं करेंगे। नगरपालिका अध्यक्ष गीता रावल ने बताया कि कूड़ा डालने का विरोध करने के कारण निस्तारण न होने से शहर में जहां-तहां कूड़ा जमा है। प्रशासन की ओर से नया कूड़ा निस्तारण स्थल चयनित होने तक नगर की सफाई व्यवस्था बंद रहेगी। इस मामले में चर्चा को लेकर शनिवार को अपराह्न तीन बजे से पालिका परिसर में बैठक बुलाई गई है।
बागेश्वर नगर पालिका परिषद गठन के बाद से ही मालता-दफौट मोटर मार्ग में पुलिस लाइन के पास नगर का कूड़ा फेंकती रही है। मासिक बैठक में पुलिस कर्मियों ने कूड़े से उठ रही दुर्गंध के कारण हो रही समस्या से एसपी को अवगत कराया। इसके बाद एसपी सुखवीर सिंह ने कूड़े का निस्तारण न करने का आदेश देते हुए मौके पर पुलिस का पहरा लगा दिया था।
लगातार चार दिन तक कूड़ा न उठने से परेशान पालिका सहित तमाम संगठनों ने डीएम को समस्या से अवगत कराया। वार्ता के बाद शुक्रवार को जब कूड़ा लेकर वाहन पहुंचे तो ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया। पुलिस, प्रशासन के बाद ग्रामीणों के भी पुलिस लाइन के पास कूड़ा निस्तारण का विरोध करने से समस्या बढ़ती जा रही है।