जिले में राज्य स्थापना दिवस की 17वीं वर्षगांठ धूमधाम से मनाई गई। नुमाइश मैदान में आयोजित कार्यक्रमों का शुभारंभ जिला पंचायत अध्यक्ष हरीश ऐठानी, विधायक चंदनराम दास और डीएम रंजना ने संयुक्त रूप से झंडारोहण कर किया। डीएम ने सभी को राज्य शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यहां की समृद्ध संस्कृति को आगे बढ़ाने का प्रयास करना चाहिए।
डीएम रंजना ने पुलिस के जवानों की परेड की सलामी ली। इस दौरान सूचना एवं लोक संपर्क विभाग की ओर से प्रकाशित विकास पुस्तिका ‘संकल्प से सिद्धि तक, न रुकेंगे न थकेंगे, बस आगे ही बढ़ेंगे’ का विमोचन किया गया। इससे पूर्व सुबह सात बजे युवा कल्याण विभाग के तत्वावधान में क्रीड़ा विभाग की ओर से आयोजित क्रॉस कंट्री आरे पेट्रोल पंप से वापस मंडलसेरा बाइपास पर आकर संपन्न हुई।
सुबह नौ बजे विधायक चंदनराम दास, इंद्र सिंह परिहार, एडीएम राहुल गोयल, एसडीएम श्याम सिंह राणा सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने शहीद स्मारक में माल्यार्पण कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। नुमाइशखेत मैदान में स्कूली बच्चों ने रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
सांस्कृतिक कला मंच कर्मी की टीम ने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ और महिला सशक्तीकरण से संबंधित नाटक प्रस्तुत किए। इस दौरान ब्लॉक प्रमुख रेखा खेतवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष शेर सिंह गढ़िया, अध्यक्ष नगर पालिका गीता रावल, एसपी मुकेश कुमार, गोविंद सिंह भंडारी आदि थे।
उद्यान विभाग की झांकी अव्वल रही
राज्य स्थापना दिवस पर विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा झांकियां निकाली गई। तहसील परिसर से झांकियों को डीएम रंजना ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। निर्णायक मंडल द्वारा पुरस्कार के लिए झांकियों का चयन किया गया। उद्यान विभाग की झांकी को पहला स्थान मिला। उद्योग विभाग की झांकी दूसरे और कृषि विभाग की झांकी तीसरे स्थान पर रही।
हथकरघा बुनकर में प्रदीप को पहला पुरस्कार
राज्य स्थापना के अवसर पर खुले में शौच से मुक्त 20 ग्राम पंचायतों के ग्राम प्रधानों को सम्मानित किया गया। उद्योग विभाग द्वारा प्रायोजित कार्यक्रम के तहत उत्कृष्ट तीन हस्तशिल्पियों को पुरस्कृत किया गया। इसमें बसंत बल्लभ को प्रथम पुरस्कार के रूप में पांच हजार, कमला देवी को द्वितीय पुरस्कार तीन हजार, मनीष कुमार को तृतीय पुरस्कार के रूप में दो हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया गया।
हथकरघा बुनकर में प्रदीप कुमार को प्रथम पुरस्कार छह हजार, प्रेमा देवी को द्वितीय पुरस्कार चार हजार, लघु उद्यमी में दलीप सिंह खेतवाल को छह हजार रुपये का पुरस्कार प्रदान किया गया।