बागेश्वर। अतिवृष्टि से तबाही का दौर जारी है। बागेश्वर में भारी बारिश से तीन और मकान ध्वस्त हो गए हैं। प्रभावित परिवारों ने गांव में ही दूसरे के घरों में शरण ली है। दो मकानों को आंशिक रूप से क्षति पहुंची है। ग्वाड़ गांव में कई मकान खतरे की जद में आ गए हैं। लगातार हो रही बारिश ने संवेदनशील स्थानों के लोग दहशत में हैं।
आपदा प्रबंधन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार कांडा के ठांगा निवासी चंद्र राम पुत्र रतन राम, भेटा निवासी जोगा राम पुत्र देव राम और डुंगरी निवासी मदन सिंह पुत्र जीत सिंह का मकान ध्वस्त हो गया है। प्रभावित परिवारों ने ने गांव में ही दूसरे के वहां शरण ले रखी है। कपकोट के बैड़ामझेड़ा निवासी गोविंद राम पुत्र जोगा राम और बागेश्वर तहसील के जौलकांडे निवासी बसंत राम पुत्र धन राम का मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त बहुआ है। ग्वाड़ में सड़क से हो रहे भूस्खलन के कारण पूरन सिंह पुत्र गुलाब सिंह, गुलाब सिंह पुत्र भवान सिंह, चंदन सिंह पुत्र गुलाब सिंह और हरीश सिंह पुत्र गुलाब सिंह के मकान भी भूस्खलन से खतरे की जद में हैं। लोगों ने डीएम को ज्ञापन देकर क्षति का मुआयना कराने के साथ ही विस्थापित करने की मांग की है।
इधर काफलीगैर तहसील के बोहाला में हरीश राम पुत्र खीम राम के मकान की आंगन की दीवार क्षतिग्रस्त हो गई है। मकान के पीछे से भूस्खलन हो रहा है। ग्राम कठानी में चंचल सिंह कि मकान के पास खड़ंजा मार्ग क्षतिग्रस्त हुआ है। बोहाला में हरीष सिंह पुत्र कुशल सिंह के आवासीय मकान के आंगन की सुरक्षा दीवार क्षतिग्रस्त हो गई है। जिला मुख्यालय के ठाकुरद्वारा से कठायतबाड़ा को जोड़ने वाला रास्ता धंसने से लोगों को आवाजाही में दिक्कत हो रही है।
गरुड़ में 32.50, बागेश्वर में 10, कपकोट में 2.50 एमएम बारिश
बागेश्वर। जिले में बुधवार रात और बृहस्पतिवार सुबह से तेज बारिश हुई। बारिश के कारण नदियों का जलस्तर बढ़ गया है। आपदा प्रबंधन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार पिछले 24 घंटे में गरुड़ में 22.50, बागेश्वर में 10 और कपकोट में 2.50 एमएम बारिश हुई।
बागेश्वर में 26 सड़कों में यातायात बाधित
बागेश्वर। पालड़ीछीना-जैनकरास, सानिउडियार-कुचौली, बागेश्वर-दफौट, सिमकुना-बॉजड़, सातचौरा-जत्थाकोट, हरीनगरी-पया, जिंतोली-सलखन्यारी, भयूं-गुलेर, कपकोट-पोलिंग, धपोली-जेठाई, कमेड़ी देवी-भेंसूड़ी, अयारतोला-वज्यूला, कौसानी-भतिड़या, मल्लाडोबा-नौघर, विजयपुर-भड़गाड़-रनकांडे-पैंसिया, शामा-लीती-गोगिना, हरसीला-पुड़कुनी, रिखाड़ी-बाछम, चेटाबगड़-पोथिंग, कपकोट-कर्मी, शामा-नाकुड़ी, फरसाली पल्ली, रिखाड़ी-वाछम, खड़लेख-भनार, बागेश्वर-तिलसारी, सिमगढ़ी मोटर मार्ग में यातायात बाधित है। शामा-लीती, रौल्याना-लोहागढ़ी मोटर मार्ग भी सुबह बंद थे, जिनमें यातायात सुचारु हो गया है।
44 गांवों में बिजली नहीं हुई बहाल
बागेश्वर। बागेश्वर के 44 गांवों में बुधवार से बिजली नहीं है। यूपीसीएल से मिली जानकारी के अनुसार पिथौरागढ़ जिले के थल और नाचनी के बीच भूस्खलन के कारण लाइन क्षतिग्रस्त होने से शामा, बड़ेत, हरसिंग, बगड़, ऊलानी धार, शामा डाना, लीती, शामा, रिठकुला, सतगढ़, घुघती घोल, हाम्टी, कापड़ी, रातिरकेटी, मलखडुंगरचा, रिठकुला, गोगिना, कीमू, रमादी, भनार सहित 40 गांवों में बिजली नहीं है। इन गांवों को पिथौरागढ़ जिले से बिजली की आपूर्ति होती है। लाइन पर पेड़ गिरने के कारण गरुड़ के चीतरोईया, डंडाखाल, मुंगरौं समेत चार गांवों में बिजली नहीं है। लाइन मरम्मत का काम चल रहा है।
ये पेयजल योजनाएं भी क्षतिग्रस्त
बागेश्वर। आपदा प्रबंधन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार कपकोट तहसील में सालिंग, गरुड़ के छतिया, अमस्यारी, रामपुर, उनेरा, और बागेश्वर तहसील के मिहिनिया, झिरौली मैग्नेसाइट की पेयजल योजना क्षतिग्रस्त हो गई है। मरम्मत का काम किया जा रहा है।