जिले में रसोई गैस की मारामारी कम होने का नाम नहीं ले रही है। बृहस्पतिवार को बागेश्वर, कपकोट, कांडा और गरुड़ क्षेत्र में सिर्फ एक-एक ट्रक सिलेेंडर ही पहुंचे। इससे कुछ ही क्षेत्रों में लोगों को सिलेंडर मिल सके। पर्याप्त मात्रा में गैस की आपूर्ति नहीं होने से उपभोक्ताओं का पूरा दिन सड़क के किनारे इंतजार में ही बीता। लोगों ने शासन-प्रशासन से आपूर्ति शीघ्र सुचारु करने की मांग की है।
बता दें कि जिले में रसोई गैस की आपूर्ति एक सप्ताह से भी अधिक समय से चरमराई हुई है। पर्याप्त मात्रा में गैस नहीं आने से उपभोक्ताओं को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गैस के चक्कर में उनकी दिनचर्या गड़बड़ा गई है।
ग्रामीण क्षेत्रों में खाना बनाने के लिए लोग पेड़ काटने को मजबूर हैं। इधर, रसोई गैस एजेंसी के स्थानीय प्रबंधक जीएस बाफिला ने बताया कि बृहस्पतिवार को हल्दूचौड़ (हल्द्वानी) स्थित प्लांट से 216 सिलेंडरों को लेकर एक ट्रक पहुंचा।
सिलेंडरों का वितरण तहसील रोड और क्रियाघर क्षेत्र में कर दिया है। उधर, कपकोट, गरुड़ और कांडा क्षेत्र के लिए भी बृहस्पतिवार को एक-एक ट्रक सिलेंडर पहुंचे हैं। अभी भी जिले करीब 6000 सिलेंडरों का बैकलॉग चल रहा है। उन्होंने बताया कि इसी तरह ट्रक रोजाना आते रहें तो स्थिति जल्दी ही सामान्य हो जाएगी।