डीएम मंगेश कुमार घिल्डियाल ने रविवार को जिला योजना, राज्य सेक्टर, केंद्रपोषित, बाह्य सहायतित, बीस सूत्रीय कार्यक्रम में हुई प्रगति की समीक्षा की। कहा कि जनता को विभाग के प्रति विश्वास दिलाना, ईमानदारी के साथ कर्तव्यपालन हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए। विकास कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं होगी।
कलक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में डीएम ने कहा कि ईमानदारी के साथ कार्यों की गुणवत्ता को ध्यान में रखकर काम करें। जब हम समय से जनता की समस्याओं का समाधान कराएंगे, तभी जनता का विभाग पर विश्वास बढ़ेगा। उन्होंने विभागवार जिला योजना, राज्य सेक्टर, केंद्र पोषित, बाह्य सहायतित, बीस सूत्रीय कार्यक्रम की प्रगति की समीक्षा की। कुछ विभागों की अवमुक्त धनराशि के सापेक्ष धीमी प्रगति पर नाराजगी जताई। उन्हें अक्तूबर तक पहली किश्त की पूरी राशि का सदुपयोग कर उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने, द्वितीय किश्त के लिए माह के अंत तक प्रस्ताव प्रस्तुत कर टेंडर प्रक्रिया भी इसी माह के अंत तक पूरी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने वन भूमि हस्तांतरण के मामलों का भी समय से निस्तारण करने को कहा। समाज कल्याण, शिक्षा विभाग को छात्रवृत्ति वितरण के लिए विद्यार्थियों के खातों और जिला पूर्ति अधिकारी को राशन कार्ड धारकों के आधार से लिंक करवाने को कहा। डीएम ने बीस सूत्रीय कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए कहा कि जिन विभागों की प्रगति बी, सी, डी श्रेणी में चल रही है वे ए श्रेणी में आने का प्रयास करें। उन्होंने स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय निर्माण पर भी इस माह रिपोर्ट देने को कहा। बैठक में सीडीओ एसएसएस पांगती, एडीएम एसएस जंगपांगी, एसडीएम एसएस राणा, कांडा रेखा कोहली, कपकोट एनएस नगन्याल, वरिष्ठ कोषाधिकारी भाष्करानंद पांडेय आदि थे।