कांडा के सीएचसी में पिता की मौत की खबर सुनकर दादी की गोद में बेसुध पड़ी।
कांडा (बागेश्वर)। क्षेत्र के विजयपुर में एक मकान में निर्माण कार्य के दौरान बड़ा हादसा हो गया। मकान में चिनाई का काम कर रहे एक राजमिस्त्री की लोहे के एंगल पर उतरे करंट की चपेट में आने से मौत हो गई। इस अचानक हुई दुर्घटना से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया है और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
ग्राम खंतोली के बिगुल तोक निवासी सूरज राम पुत्र गोपाल राम (38) शनिवार को एक मकान में चिनाई का कार्य कर रहा था। कार्य के दौरान लोहे का सरिया ऊपर उठाया जा रहा था जो कि तिरछी अवस्था में ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से छू गया। तार से करंट सीधे लोहे के सरिये में उतर आया जिसकी चपेट में आकर राजमिस्त्री गंभीर रूप से झुलसकर नीचे गिर पड़ा। घटना के तुरंत बाद परिजनों और स्थानीय लोगों ने बेहोशी की हालत में सूरज को तत्काल सीएचसी कांडा पहुंचाया जहां जांच के बाद चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। एसओ बलवंत कंबोज ने बताया कि मामले में कोई तहरीर नहीं मिली है। शव का पंचनामा कराने के बाद पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है।
एक खाली पल और मौत का वीभत्स बुलावा
कांडा। शनिवार का सूरज हर रोज की तरह सामान्य उम्मीदों के साथ उठा था लेकिन किसे पता था कि विजयपुर की एक शांत गली में यह दिन मातम का आंधी-तूफान लेकर आएगा। सूरज राम हमेशा की तरह अपने बूढ़े पिता गोपाल राम के साथ मिस्त्री का काम करने निकलता था। दोनों पिता-पुत्र कंधे से कंधा मिलाकर मेहनत-मजदूरी करते और शाम को घर लौटकर परिवार के चेहरों पर मुस्कान लाते थे लेकिन उस मनहूस शनिवार को जाने क्या इत्तेफाक था कि सूरज अकेले ही काम पर घर से निकल पड़ा। विजयपुर में बिजलीघर के पास एक निर्माणाधीन मकान में वह चिनाई और फिटिंग के काम में जुटा था। तभी लोहे का भारी एंगल ऊपर उठाते वक्त ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से छू गया। पलक झपकते ही करंट ने पूरे शरीर को अपने आगोश में ले लिया। स्थानीय लोगों ने बताया कि सूरज को कम सुनाई देता था। जब एंगल तार के करीब पहुंचा तो आसपास के लोगों ने चिल्लाकर उसे चेताने की पूरी कोशिश की थी लेकिन वह किसी की आवाज नहीं सुन पाया। सीएचसी कांडा में जब सूरज का शव पहुंचा, तो 52 वर्षीय बुजुर्ग मां का कलेजा फट गया। बदहवास मां जमीन पर गिरकर दहाड़ें मारकर रो पड़ीं और बिलखते हुए बस यही कहती रहीं भगवान, अब इन छोटे-छोटे बच्चों को कौन संभालेगा। घर के इकलौते कमाऊ मुखिया के जाने से अब पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उनकी पत्नी ममता देवी का भी रो-रोकर बुरा हाल है। सूरज अपने पीछे पत्नी और तीन बच्चों को रोता बिलखता छोड़ गया।
ऊर्जा निगम के एसडीओ आनंद भंडारी ने बताया कि विजयपुर में बिजलीघर के पास से हाईटेंशन लाइन गुजरती है। उसके पास किसी स्थानीय निवासी के मकान में काम करने के दौरान लोहे का एंगल ऊंचाई को छू गया जिससे यह हादसा हुआ। विद्युत लाइनें निर्धारित ऊंचाई पर ही हैं।