कपकोट (बागेश्वर)। पिंडर घाटी के बदियाकोट स्थित मां आदिबद्री भगवती मंदिर में महाआठूं पर्व मां नंदा देवी उपजात यात्रा का शुभारंभ हो गया है। 16 साल के बाद हुए आयोजन में कुमाऊं और गढ़वाल के गांवों से श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं। 31 अगस्त को विशाल भंडारे के साथ पूजा संपन्न होगी।
आदिब्रदी भगवती मंदिर में प्रत्येक 12 साल में महाआठूं पर्व का आयोजन किया जाता है। पिछली बार 2009 में उपजात हुई थी। हालांकि कोविड के चलते नियत समय पर आयोजन नहीं हो सका। मंदिर कमेटी के अध्यक्ष भरतपाल सिंह दानू ने बताया कि रविवार को रामलीला मैदान बदियाकोट में देव डांगर और श्रद्धालुओं की मौजूदगी में मां भगवती के घराट पूजा के साथ कार्यक्रम शुरू हो गए हैं।
इस दौरान जागर के माध्यम से देवताओं का आह्वान कर भगवान गणेश, धर्म और शक्ति ध्वजा की पूजा, कलश स्थापना आदि कार्यक्रम किए गए।
सोमवार सुबह आठ बजे गोलू देवता मंदिर में पूजा के बाद भगवती माता मंदिर से उपजात यात्रा शुरू होगी। देवडांगर पांच दिवसीय यात्रा के दौरान नंदाकुंड से पवित्र जल लाएंगे। इस जल से माता भगवती का अभिषेक किया जाएगा।
समिति के सचिव भरत सिंह दानू ने बताया कि मंदिर में रोजाना नौबत पूजा, भजन-कीर्तन, झोड़ा-चांचरी का आयोजन किया जाएगा। पूजा में 16 पट्टी दानू वंशजों के अलावा सरयू, पिंडर, रेवती घाटी समेत गढ़वाल क्षेत्र के श्रद्धालु भी शामिल हो रहे हैं।
कमेटी के संरक्षक हुकुम सिंह दानू, उपाध्यक्ष खीम सिंह दानू, कोषाध्यक्ष शिव सिंह दानू, व्यवस्थापक दीवान सिंह दानू ने बताया कि बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए पूरे इंतजाम किए गए हैं।
पोथिंग, ऐठाण, जगथाना, पुड़कूनी, बघर भी हुए भक्तिमय
कपकोट। तहसील क्षेत्र के कई अन्य गांवों में स्योपाती पूजा का शुभारंभ हो गया है। ऐठाण गांव के भगवती मंदिर में भव्य कलश यात्रा के साथ पूजा शुरू हुई। श्रद्धालुओं ने सरयू नदी तक कलश यात्रा निकाली। नदी के पावन जल से मंदिर में अभिषेक कर देव अवतरण हुए। पोथिंग गांव के भगवती मंदिर में गेहूं भराई कार्यक्रम के साथ पूजा का आगाज हुआ। पंचमी को महाप्रसाद वितरण के साथ पूजा संपन्न होगी। पुड़कुनी में लाटू देवता के मंदिर में कलश यात्रा के साथ आठूं पूजा का शुभारंभ हुआ। जगथाना के भगवती मंदिर में भी कलशयात्रा के साथ स्योपाती पूजा का शुभारंभ हुआ। बघर गांव में 12 साल बाद शीशाखानी बाण और विरंग दाणू की पूजा का आयोजन किया जा रहा है। पूजा से पूर्व गांव की महिलाओं ने भव्य कलश यात्रा निकाली।