बागेश्वर। ग्रीन जोन के जिलों में सरकारी कार्यालयों को खोलने के आदेश को सरकार ने बदल दिया है। अब पूर्व की भांति केवल आवश्यक सेवा वाले कार्यालय ही खुलेंगे। नए आदेश जारी होने के बाद अन्य कार्यालयों में ताले लटके रहे। रविवार को जारी आदेश में कहा गया था कि सरकारी कार्यालयों में अधिकारी आवश्यकतानुसार उपस्थित रहेंगे। ग और घ श्रेणी के कर्मचारियों की 33 प्रतिशत उपस्थिति रहेगी और दो शिफ्टों में भी काम किया जा सकता है। जिला प्रशासन को रविवार रात मिले आदेश के अनुसार सरकारी कार्यालयों के संबंध में लॉकडाउन से पहले जारी आदेश प्रभावी रहेंगे।
डीएम रंजना राजगुरु ने बताया कि 19 अप्रैल को जारी आदेश में कतिपय सेवाओं में 20 अप्रैल से छूट प्रदान की गई थी। कुछ बिंदुओं पर संशोधित किया गया हैं। स्वास्थ्य, पुलिस, खाद्य आपूर्ति, विद्युत, पेयजल, सफाई, परिवहन इत्यादि को छोड़कर अन्य सभी विभागों में केवल उन्हीं कार्मिकों को कार्यालय में बुलाया जाएगा, जिनकी कार्यालय में उपस्थित कार्यहित में अतिआवश्यक है। शेष कार्मिक घर से ही कार्य करेंगे। सभी कार्मिक टेलीफोन पर उपलब्ध रहेंगे और कार्यालय बुलाए जाने की दशा में कार्यालय पहुंचकर शासकीय कार्य करेंगे। यह निर्देश सोमवार से तीन मई तक प्रभावी रहेंगे। उधर अल्मोड़ा जिले को कोरोना संक्रमण के बाद ऑरेंज जोन में शामिल किया गया है। सरकार ने रविवार को लॉकडाउन के दौरान 18 मार्च का आदेश प्रभावी कर दिया है। जिसमें पूर्व की तरह आवश्यक सेवाओं के अतिरिक्त अन्य कार्यालय नहीं खुलने के आदेश हैं। गृह मंत्रालय की गाइडलाइन के अनुरूप सूचीबद्ध उद्योगों के संचालन की अनुमति ली जानी है।
निर्माण कार्यों के लिए जिला प्रशासन से मांगी है अनुमति
बागेश्वर। पेयजल निगम के ईई सीपी गंगवार ने बताया है कि मंडलसेरा पंपिंग पेयजल योजना, जेठाई पेयजल योजना, गरुड़ ग्राम समूह पेयजल योजना में निर्माण कार्य शुरू करने के लिए डीएम को बजट और मजदूरों की उपलब्धता की जानकारी देकर अनुमति मांगी गई है। अनुमति मिलने के बाद कार्य शुरू होगा। पालिकाध्यक्ष सुरेश खेतवाल ने बताया कि बागेश्वर में पार्किंग निर्माण के साथ ही रास्ते, नालियों के निर्माण के लिए जिला प्रशासन से अनुमति मांगी जा रही है। अनुमति मिलने के बाद कार्य शुरू किया जाएगा।
केवल उन्हीं कर्मचारियों को बुलाएंगे जिनकी जरूरत होगी
चंपावत। डीएम सुरेंद्र नारायण पांडेय ने कहा है कि कोरोना संक्रमण के प्रभावी रोकथाम के लिए आवश्यक सेवाओं जैसे स्वास्थ्य, पुलिस, विद्युत, पेयजल, परिवहन, सफाई व्यवस्था आदि को छोड़कर अन्य विभाग केवल उन्हीं कार्मिकों को बुलाया जाएगा, जिनकी कार्यालय में उपस्थित जरूरी हो। उन्होंने बताया कि कार्यालय में आवश्यकतानुसार ही कर्मचारियों को बुलाया जाए। शेष कर्मचारियों को घर पर ही कार्य करने की अनुमति देने के निर्देश विभागाध्यक्ष को दिए गए हैं। उन्होंने सभी कार्मिकों को टेलीफोन पर बने रहने, कार्यालय में बुलाए जाने की दशा में कार्यालय पहुंचकर शासकीय कार्यों को संपादित करने के निर्देश दिए हैं।