भतरिया मार्ग पर सोली नाकुरी गांव में नर तेंदुआ बीमार हालत में मिला। वन विभाग की टीम उसे पिंजरे में कैद कर ले गई, उसे रेस्क्यू सेंटर में भेजा गया है। दिन के समय नाकुरी गांव के पास निर्जन स्थान पर स्थानीय लोगों ने तेंदुए को देखा। ग्रामीणों ने शोर मचाकर उसे भागने का प्रयास किया, लेकिन कमजोरी के कारण वह बहुत धीमी गति से चल रहा था।
इस बीच मौके पर भीड़ जुट गई। वन विभाग को इसकी सूचना दी गई। बागेश्वर में वन विभाग के पास रेस्क्यू आदि के संसाधन न होने के कारण अल्मोड़ा से रेंजर श्याम सिंह करायत, चिड़ियाघर के प्रभारी केवलानंद पांडे कर्मचारियों की टीम के साथ पिंजरा लेकर वहां पहुंचे। वन दरोगा दीप चंद्र और विभाग के अन्य कर्मचारियों ने ट्रेंक्युलाइजर गन से बेहोश किया और पिंजरे में रखकर अल्मोड़ा ले गए।
रेंजर ने बताया कि चिड़ियाघर के प्रभारी केवलानंद पांडे अपने अनुभव के आधार पर तेंदुए को न्यूमोनिया होने की आशंका जताई है। उसे अल्मोड़ा स्थित रेस्क्यू सेंटर में रखकर इलाज किया जाएगा। उन्होंने बताया पिंजरे में आने के कुछ देर बाद ही उसे होश आ गया था। फिलहाल वह खतरे से बाहर है। तेंदुए की लंबाई साढे़ छह फीट और आयु करीब छह साल है।