शासन में अपर मुख्य सचिव राकेश शर्मा ने कहा कि कपकोट क्षेत्र को आपदा, विकास और पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जाएगा। केदारेश्वर मैदान में आपदा प्रबंधन उप केंद्र और कांडा में एसडीआरएफ स्थापित किया जाएगा। आपदाकाल में तीन महीने तक तीन हेलीकाप्टर तैनात रहेंगे। कहा कि बागेश्वर जिले में आठ हेलीपैड बनाए जाएंगे।
अपर मुख्य सचिव शर्मा बुधवार को क्षेत्र के दौरे पर थे। ब्लाक सभागार में उन्होंने अफसरों की बैठक लेकर आपदा प्रबंधन संबंधी तैयारियों पर चर्चा की। कहा कपकोट बाढ़ भूस्खलन की दृष्टि से अति संवेदनशील है और भूकंप की दृष्टि से जोन फाइव में आता है। आपदा की चपेट में आने वालों की सहायता के लिए पूर्व तैयारी होनी जरूरी है।
इसके लिए केदारेश्वर मैदान में आपदा प्रबंधन उप केंद्र स्थापित होगा। मैदान को संरक्षित करने के लिए हाई फ्लड वर्क के तहत काम होगा। मैदान में दो सौ वाहनोें की भी पार्किंग होगी।
उन्होंने एसडीएम कैलाश टोलिया को भूमि की पैमायशी कराने, सिंचाई विभाग के ईई का रामपुर जाकर वहां बने डैम की ड्राइंग को देखकर आगे की कार्रवाई को 15 दिन के भीतर पूरा करके प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने लोनिवि को मैदान को जोड़ने वाली सड़क का चौड़ीकरण करने, पुल का निर्माण और अन्य कार्यों के प्रस्ताव शीघ्र शासन को भेजने के निर्देश दिए।
अपर सचिव ने विधायक ललित फर्स्वाण के सुझाव पर कांडा में एसडीआरएफ की स्थापना करने की बात कही। उन्होंने डीएम को कलेक्ट्रेट के समीप आधुनिक तकनीक से बने डीडीएमए आपदा कंट्रोल रूम के लिए भूमि चयनित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आपदाकाल में केदारेश्वर मैदान में तीन हेलीकाप्टर तैनात रहेंगे, ताकि तुरंत आपदा से घिरे लोगों को मैदान तक लाया जा सकेगा। आपदा प्रबंधन उप केंद्र में सभी संसाधन मौजूद रहेंगे।
यहां से टीमें प्रभावित क्षेत्रों में भेजने में भी आसानी होगी। हेलीकाप्टरों की सुविधा होने पर देहरादून से भी अधिकारी समय समय यहां आ जा सकेंगे। कपकोट को पर्यटन की दृष्टि से बेहतर बताते हुए यहां काफी कुछ करने की जरूरत है। क्षेत्र के विकास के लिए नए सिर से काम होगा ताकि इससे पलायन पर अंकुश लग सकेगा।
उन्होंने सड़क निर्माण में लगी लोनिवि, पीएमजीएसवाई, एडीबी और अन्य एजेंसियाें से कार्य प्रगति की जानकारी ली और आवश्यक निर्देश दिए। स्वास्थ्य विभाग को सभी व्यवस्थाएं चौकस रखने के निर्देश दिए। उन्होंने डीएम को विकास कार्याें को समय पर पूरा कराने और उनकी गुणवत्ता पर नजर रखने के निर्देश दिए। विधायक फर्स्वाण ने क्षेत्र की समस्याओं से अपर सचिव को विस्तार सेे अवगत कराया।
बैठक में शासन में आपदा प्रबंधन सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम, सचिव लोनिवि अमित नेगी, डीएम भूपाल सिंह मनराल, एडीबी वर्ड बैंक के मुख्य अभियंता संत राम, एडीएम हरबीर सिंह, सीओ धनी राम एसडीएम कैलाश सिंह टोलिया, ब्लाक प्रमुख मनोहर राम, डीआईओ गीता जोशी समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद थे। वह यहां हेलीकाप्टर से पहुंचे थे। केदारेश्वर मैदान स्थित हैलीपैड पर विधायक , ब्लाक प्रमुख, डीएम और अन्य अधिकारियों ने उनका स्वागत किया।
अपर मुख्य सचिव राकेश शर्मा ने विधायक ललित फर्स्वाण के साथ पिंडरघाटी की सड़कों का हवाई सर्वेक्षण भी किया। कहा कि जो मजदूर यहां काम कर रहे हैं, उन्हें केदारनाथ मार्ग की तर्ज पर ही 750 रुपये प्रतिदिन मजदूरी दी जाएगी।
कफनी और सुंदरढूंगा ग्लेशियर व द्वाली से खाती गांव की ओर जो मजदूर लगेे हैं उन्हें पीडब्ल्यूडी के जरिए 600 रुपये मजूदरी दिलाई जाएगी। श्री शर्मा ने इस बीच बदियाकोट गांव में उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं। खाती में भोजन करने के बाद वह देहरादून के लिए रवाना हो गए।