अल्मोड़ा जिले में बर्ड फ्लू की आशंका को देखते हुए पशु पालन विभाग की टीम सैंपल लेते हुए। स्रोत:
अल्मोड़ा। उत्तर प्रदेश के बिलासपुर में बर्ड फ्लू का मामला सामने आने के बाद अल्मोड़ा जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है। डीएम ने एहतियातन 11 रैपिड एक्शन टीम और एक रेपिड रिस्पांस टीम का गठन कर दिया है। इसके अलावा पूरे जिले को तीन जोन में बांटकर आवश्यक सुरक्षात्मक कार्य शुरू कर दिए हैं। फिलहाल जिले में एक भी बर्ड फ्लू का मामला सामने नहीं आया है। पशुपालन विभाग ने जिले के बाहर से अंडा और मुर्गियों को न मंगाने की अपील की है।
सीवीओ डॉ. योगेश अग्रवाल का कहना है कि जोन एक में भिकियासैंण, स्याल्दे, सल्ट, रानीखेत और ताड़ीखेत को बांटा है। इसकी जिम्मेदारी डॉ. विक्रांत गिल को दी है। जोन दो में हवालबाग, द्वाराहाट,ताड़ीखेत, चौखुटिया को शामिल किया। इसकी जिम्मेदारी डॉ. डीसी तिवारी को दी है। जोन तीन में लमगड़ा, ताकुला, भैंसियाछाना और धौलादेवी को शामिल कर इसकी जिम्मेदारी डॉ. संतोष कुमार को दी है। डिप्टी सीवीओ डॉ. ओम प्रकाश आचार्य को जिले का नोडल अधिकारी बनाया है। इसके अलावा डीएम ने सभी नगर निकायों को अपने-अपने क्षेत्र में स्थित कुक्कुट फार्म आदि का निरीक्षण करने और लोगों को जागरूक करने के निर्देश दिए हैं। सीवीओ का कहना है कि लोगों को घबराने की आवश्यकता नहीं है स्थिति सामान्य है।
पशु पालन विभाग की टीम ने लिए 50 सैंपल
अल्मोड़ा। बर्ड फ्लू की आशंका को देखते हुए पशुपालन विभाग की टीम जागरूकता अभियान चला रही है। अभियान के दौरान सैंपल भी लिए जा रहे हैं। मांस विक्रेताओं को हाईजिन रखने और अल्मोड़ा जिले के अलावा अन्य स्थानों से अंडा और मुर्गियों को न मंगाने के निर्देश दिए जा रहे हैं। संवाद
प्रवासी पक्षियों पर भी रखी जा रही है नजर
अल्मोड़ा। वन विभाग और पशुपालन विभाग प्रवासी पक्षियों पर भी विशेष नजर बनाए हुए है। डीएफओ दीपक सिंह का कहना है कि प्रवासी पक्षियों पर नजर रखी जा रही है। इसके लिए पशु पालन विभाग का भी सहयोग लिया जा रहा है। घबराने की कोई आवश्यकता नहीं है। संवाद