कौसानी अनासक्ति आश्रम से कत्यूर घाटी को निहारते राज्यपाल।
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उत्तराखंड के राज्यपाल डॉ. कृष्ण कांत पाल रविवार को कौसानी पहुंचे। उन्होंने अनासक्ति आश्रम और सुमित्रानंदन पंत संग्रहालय का निरीक्षण किया। उन्होंने महात्मा गांधी और कवि पंत की स्मृतियों वाले चित्रों को बारीकी से देखा। पंत वीथिका में महान छायावादी कवि सुमित्रानंदन पंत के वृत्त चित्रों के साथ ही उनकी स्मृति में जारी डाक टिकटों का अवलोकन किया। अनासक्ति आश्रम में स्थापित पुस्तकालय के रखरखाव के लिए 21 हजार रुपये स्वीकृत किए।
राज्यपाल डॉ. पाल रविवार को हेलीकॉप्टर से कौसानी पहुंचे। उन्होंने अनासक्ति आश्रम में महात्मा गांधी की मूर्ति पर माल्यार्पण कर उनके चित्रों का अवलोकन किया। आश्रम के प्रबंधक से गांधी जी के प्रवास के संबंध में जानकारियां ली। पुस्तकालय के निरीक्षण के दौरान किताबों में धूल मिलने पर उन्होंने प्रबंधक को पुस्तकालय को व्यवस्थित करने के निर्देश दिए। पुस्तकालय के रखरखाव के लिए 21 हजार रुपये की स्वीकृति प्रदान की। उन्होंने बच्चों को राष्ट्रपिता के जीवन परिचय से अवगत कराने के लिए पुस्तकें निर्गत कराने को कहा। अनासक्ति आश्रम में बने दिशा सूचक से कौसानी और कत्यूर घाटी क्षेत्र का अवलोकन किया।
इसके बाद राज्यपाल डॉ. पाल पंत वीथिका पहुंचे। जहां पर उन्होंने पंत जी के जीवन वृत्त पर आधारित चित्रों का बारीकी से अवलोकन किया। कहा कि उनकी रचनाओं में पहाड़ के प्रति लगाव और प्रकृति की गहरी समझ साफ झलकती है। उन्होंने पंत को महान छायावादी कवि बताते हुए कहा कि उनकी रचनाओं में अनेक प्रकृति का चित्रण परिलक्षित होता है। उन्होंने कवि पंत की स्मृति में भारत सरकार द्वारा जारी किए डाक टिकटों का भी अवलोकन किया। भ्रमण के दौरान डीएम मंगेश घिल्डियाल, एसपी सुखवीर सिंह, डॉ. योगेंद्र सिंह रावत, बागेश्वर के एसडीएम श्याम सिंह राणा, रवींद्र बिष्ट, रिंकू बिष्ट आदि थे।