बागेश्वर। बेमौसम बारिश का दौर बंद होने के बाद जंगलों के जलने का सिलसिला शुरू हो गया है। जिला मुख्यालय के कुकुड़ामाई, कांडा के बिनकोट आदि जंगल जल रहे हैं। वनाग्नि के कारण घाटी वाले इलाकों में धुंध है। लोगों को स्वास्थ्य संबंधी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जिले में पिछले तीन दिन से मौसम साफ बना हुआ है। तापमान में भी दिनोंदिन बढ़ोतरी हो रही है। इस साल फायर सीजन में शांत रहने के बाद वनाग्नि की घटनाएं बढ़ने लगी हैं।
कुकुड़ामाई के जंगल से उठ रहा धुआं पूरे इलाके में फैल रहा है। बिनकोट का जंगल भी एक किमी एरिया में आग की भेंट चढ़ गया है। क्षेत्रवासियों ने बताया कि आग भद्रकाली मंदिर और गुफा के समीप लगी है। सोमवार सुबह आग के चलते जिला मुख्यालय, कपकोट और गरुड़ के घाटी वाले इलाके गहरी धुंध की आगोश में थे।
धुआं छाने से बुजुर्गों और सांस के मरीजों को परेशानी उठानी पड़ रही है। डीएफओ ध्रुव सिंह मर्तोलिया ने बताया कि वनाग्नि की कोई बड़ी घटना नहीं है। कुछ जगहों पर छिटपुट आग की सूचना दी जिसे काबू कर लिया गया है।