अल्मोड़ा। नगर की प्यास बुझाने वाली मटेला योजना के पंप हाउस में भीषण आग लग गई। इस घटना में बिजली गुल होने से पेयजल आपूर्ति ठप है, जिससे नगर की आधी आबादी पेयजल संकट से जूझ रही है। पंप हाउस से रात भर धुंआ उठता रहा और चिंगारी निकलती रही, जिससे कर्मियों में अफरातफरी का माहौल रहा और आसपास के लोग दहशत में रहे।
दरअसल मटेला पंप हाउस को बिजली आपूर्ति करने वाले योजना के पास बने बिजलीघर में शुक्रवार देर रात केबल में आग लग गई। ऐसे में पंप हाउस की बिजली गुल होने से पंपिंग योजना ठप हो गई और जलाशयों में पानी नहीं पहुंच सका। इससे आधे नगर में पेयजल आपूर्ति ठप रही, जिससे आठ हजार से अधिक की आबादी को दिक्कत का सामना करना पड़ा।
पूरी रात पंप हाउस से आग की लपटें उठती रहीं। आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। पूरी केबल जलने के बाद ही आग बुझ पाई। जलसंस्थान घटना के स्पष्ट कारण नहीं बता पा रहा है जबकि इस घटना में 10 लाख के नुकसान की बात की जा रही है।
दिल्ली से आएगी पंप ठीक करने के लिए टीम, तब तक पानी के लिए करना पड़ेगा इंतजार
अल्मोड़ा। जलसंस्थान के मुताबिक पंप हाउस में केबल और अन्य खराबी को दूर करने के लिए दिल्ली से टीम पहुंचेगी। टीम कब तक पहुंचेगी, इसका किसी को पता नहीं है। ऐसे में नगर के लोगों को पानी के लिए कितना इंतजार करना पड़ेगा, यह समय बताएगा।
एक माह पूर्व जलसंस्थान को हस्तांतरित हुई है योजना
अल्मोड़ा। मटेला पंपिंग योजना का एक माह पूर्व तक जल निगम के अधीन थी। नौ माह सफल संचालन के बाद यह योजना बीते बीते एक जून को जल संस्थान को हस्तांतरित हुई है। ठीक एक माह बाद केबल में आग लगने से ठप हुई पेयजल आपूर्ति के बाद दोनों संस्थानों की कार्यशैली पर भी सवाल उठने शुरू हो गए हैं।
पंप हाउस में केबल में आग लग गई, जिससे कुछ हिस्सों में पेयजल आपूर्ति ठप है। खराबी को दूर करने के लिए दिल्ली से टीम पहुंचेगी। इस घटना में करीब 10 लाख रुपये के नुकसान का अनुमान है। - अरुण कुमार सोनी, ईई, जल संस्थान, अल्मोड़ा।
एक माह पूर्व योजना जल निगम को हस्तांतरित हुई है। नौ माह तक इस तरह की कोई दिक्कत नहीं आई। घटना के कारण जल संस्थान ही बताएगा। - संजीव वर्मा, ईई, जल निगम, अल्मोड़ा।