कलक्ट्रेट में एक्सपायरी डेट के अग्निशमन यंत्र लगे हैं। सात माह पहले एक्सपायर हो चुके इन अग्निशमन यंत्रों को आज तक नहीं बदला गया है। ऐसे में यदि आग लगने की कोई घटना हुई तो विभाग आग कैसे बुझायेगा।
आग की घटनाओं से निपटने के लिए सभी विभागों में अग्निशमन यंत्र लगाने जरूरी होते हैं। ताकि कार्यालयों में आग लगने पर तमाम महत्वपूर्ण दस्तावेजों को समय रहते बचाया जा सके। इन अग्निशमन यंत्रों के सिलेंडर हर साल दोबारा भराने होते हैं। लेकिन बागेश्वर जिले में आग से निपटने के लिए सरकारी विभागों के इंतजाम तो दूर की बात कलक्ट्रेट में ही एक्सपायर हो चुके फायर एस्टिंग्यूसर लगाए गए हैं। कलक्ट्रेट में लगभग सभी विभागों के बाहर अग्निशमन यंत्र लगे हैं। अलग-अलग विभागों में लगे लगभग एक दर्जन फायर एस्टिंग्यूसर की रिफलिंग तारीख 10.10.2015 और तय तिथि 9.10.2016 लिखी गई है।
इस तारीख के हिसाब से यह फायर सिलेंडर सात माह पहले ही एक्सपायर हो चुके हैं। अग्निशमन विभाग के अधिकारियों के अनुसार फायर एस्टिंग्यूसर को रिफिल करने की स्थानीय स्तर पर कोई व्यवस्था नहीं है। रिफिल के लिए इन्हें हल्द्वानी भेजा जाता है। यदि इन्हें समय पर रिफिल नहीं किया गया तो इनसे आग पर काबू नहीं पाया जा सकता है।