सुंदरढुंगा ट्रैकिंग रूट से लापता छत्तीसगढ़ के युवा पर्वतारोही बागीश चंद्राकर को ढूंढने के लिए देहरादून से एसडीआरएफ के विशेषज्ञ पर्वतारोही बुलाए गए हैं। पांच सदस्यीय टीम बुधवार को यहां पहुंचेगी। इनके साथ तहसील प्रशासन द्वारा दो स्थानीय गाइड भेजे जाएंगे।
छत्तीसगढ़ के रायपुर से बागेश्वर आया बागीश चंद्राकर (28) पिछले 29 दिनों से लापता है। यह युवक पिछले माह ट्रैकिंग के लिए पिंडर घाटी आया था। बताया जा रहा है कि चार सितंबर को वह खाती गांव में रुका। इसके बाद पांच सितंबर को उसे जातोली में देखा गया। छह सितंबर की सुबह 8:30 बजे वह सुंगरढुंगा ग्लेशियर के लिए निकला।
इसके बाद उसका कोई सुराग नहीं लग पाया। कई दिनों तक बागीश का फोन नहीं आने पर परिजनों ने उसकी खोज शुरू की। सूचना पर कपकोट के एसडीएम रवींद्र बिष्ट ने बदियाकोट के पटवारी के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम सुंदरढुंगा ग्लेशियर भेजी। रविवार को यह टीम जीरो प्वाइंट तक पहुंचने के बाद खाली हाथ लौट आई थी।
अब लापता युवक का पता लगाने के लिए प्रशासन ने देहरादून से एसडीआरएफ के पांच पर्वतारोहियों की टीम यहां बुलाई है। एसडीएम ने बताया कि टीम बुधवार को कपकोट पहुंचेगी। इस दल के साथ दो स्थानीय गाइड भी भेजे जाएंगे। लापता पर्वतारोही के जीजा प्रयंक पटेल और चचेरा भाई तुपेश चंद्रा जातोली में ठहरे हुए हैं।