बागेश्वर। जिला पंचायत सदस्यों को राजनेताओं का भी समर्थन मिलने लगा है। शनिवार को राज्यसभा सदस्य प्रदीप टम्टा जिपं सदस्यों के आंदोलन के समर्थन में धरने पर बैठे।
सांसद प्रदीप ने जिला पंचायत में बगैर नियोजन समिति और अन्य समितियों का पुनर्गठन हुए बगैर बजट का आवंटन करने को घोर अनियमितता बताया।
कहा कि प्रशासन और सरकार को इसका संज्ञान लेना चाहिए। आंदोलन को युवा कांग्रेस और उद्योग व्यापार मंडल ने भी समर्थन दिया।
धरनास्थल पर हुई सभा में सांसद प्रदीप ने कहा कि जिपं सदस्यों के आरोप गंभीर हैं। 55 प्रतिशत बजट विवेकाधीन कोष के नाम पर रखना कानूनन गलत है।
पंचायतीराज अधिनियम में अध्यक्ष के विवेकाधीन कोष का कोई प्रावधान नहीं है। फिर भी सदस्यों ने सदन में 20 प्रतिशत राशि कोरोना काल तक अध्यक्ष के विवेकाधीन कोष में रखने का प्रस्ताव पास किया था।
इस कोष को 55 प्रतिशत करना अन्याय है। कहा कि जिपं की एएमए कार्यभार ग्रहण किए बगैर यहां से वेतन आहरित कर रहीं हैं। अनियमितताओं खिलाफ 19 में से नौ सदस्य आंदोलित हैं, फिर भी सरकार और प्रशासन मौन है।
कहा कि वह इस मामले को पंचायती राज सचिव, निदेशक के साथ ही संयुक्त निदेशक, डीएम के सामने उठा चुके हैं। इसलिए मामले में कार्रवाई होनी चाहिए।
जिपं उपाध्यक्ष नवीन परिहार ने कहा कि कपकोट के विधायक बलवंत सिंह भौर्याल को निर्वाचित जनप्रतिनिधियों का आंदोलन नौटंकी लग रहा है, इससे बड़ा दुर्भाग्य और क्या हो सकता है।
वहीं केएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष गोपाल दत्त भट्ट, उद्योग व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष बबलू नेगी, कांग्रेस प्रदेश महामंत्री बालकृष्ण, यूथ कांग्रेस जिलाध्यक्ष कवि जोशी ने कहा कि बजट का समान आवंटन न करना सरकारी धन का दुरुपयोग है।
हम थकेंगे नहीं, तीन साल तक लगातार चलाएंगे आंदोलन : वंदना
बागेश्वर। आंदोलित जिपं सदस्यों के तेवर तीखे होते जा रहे हैं। जिपं सदस्य वंदना ऐठानी ने जिपं अध्यक्ष के कार्यालय न आने पर कटाक्ष किया। कहा कि अध्यक्ष जी कार्यालय नहीं आ रहीं हैं।
हम लोग तीन साल के शेष कार्यकाल तक धरना देते रहेंगे, देखते हैं कि कब तक कार्यालय नहीं आतीं हैं। कपकोट के विधायक बलवंत सिंह भौर्याल के नौटंकी संबंधी बयान पर जिपं सदस्य हरीश ऐठानी ने कहा कि कपकोट के नौ जिपं सदस्यों में से छह धरने पर बैठे हैं।
जिपं सदस्य इंदिरा परिहार ने कहा कि आधे जिले के प्रतिनिधि धरना दे रहे हैं लेकिन सरकार और प्रशासन मौन है। जिपं सदस्य गोपा धपोला ने कहा कि जिपं अध्यक्ष का एक रिमोट कंट्रोल विधायक भौर्याल के रूप में सामने आ गया है। अन्य रिमोट भी शीघ्र सामने आ जाएंगे।