बागेश्वर के चंडिका मंदिर में विवाह संपन्न होने के बाद मौजूद नविवाहित जोड़ा। स्रोत- धीरज काेरंग
बागेश्वर। जब प्यार सच्चा हो तो दूरियां मायने नहीं रखतीं। जिले की एक प्रेम कहानी इन दिनों सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही है। नगालैंड की दुल्हन ने जिले के दूरस्थ क्षेत्र दानपुर निवासी युवक के साथ हिंदू रीतिरिवाज से विवाह कर एक दूजे के साथ सात जन्मों का बंधन बांध लिया।
दानपुर क्षेत्र के बड़ी पन्याली निवासी नीरज कोरंगा बंगलुरू की एक निजी कंपनी में कार्य करते थे। इस दौरान उनकी मुलाकात उसी कंपनी में कार्यरत नगालैंड निवासी मोना से हुई। दोनों आपस में अच्छे दोस्त बन गए। लंबे समय की दोस्ती में नीरज ने मोना को अपनी संस्कृति, रीति-रिवाज और खान-पान के बारे में बताया। इसके बाद दोनों को एक दूसरे से प्यार हो गया। मोना और नीरज ने गांव में कुमाऊंनी रीति-रिवाज से शादी करने का फैसला लिया। दोनों छुट्टी लेकर अपने परिजनों के साथ बागेश्वर पहुंचे। इसके बाद बीते बुधवार को नगर के चंडिका मंदिर में कुमाऊंनी रीति-रिवाज से दोनों शादी के बंधन में बंध गए। नीरज जब दुल्हन लेकर अपने गांव बड़ी पन्याली पहुंचे तो परिजनों ने दानपुर की संस्कृति से उनका स्वागत किया। ग्रामीण धीरज दानू ने जब दूल्हा-दुल्हन का फोटो सोशल मीडिया पर डाला तो लोगों ने इसे खूब शेयर किया।