रामनगर में होने वाली गोलमेज बैठक में विज्ञान विषय पर रखेंगे विचार
तीन दिनी कार्यक्रम में 30 भारतीय और 70 विदेशी प्रतिनिधि लेंगे भाग
संवाद न्यूज एजेंसी
बागेश्वर। रामनगर में 28 से 30 मार्च तक होने वाली जी-20 की गोलमेज बैठक में रैखोली गांव के मूलवासी प्रो. डीएस रावत भी भागीदारी करेंगे। बैठक में शामिल होने वाले 30 भारतीयों प्रतिनिधि दल में शामिल किया गया है। इस कार्यक्रम में 70 विदेशी प्रतिनिधि भी आएंगे।
मूल रूप से कठपुड़ियाछीना क्षेत्र के रैखाेली गांव निवासी प्रो. रावत दिल्ली विश्वविद्यालय में रसायन विज्ञान के सीनियर प्रोफेसर हैं। वह दिल्ली विवि के डीन एग्जामिनेशन भी हैं। प्रो. रावत शनिवार को एक बैठक में शामिल होने बंगलुरु गए थे। वहां से उन्होंने संवाद न्यूज एजेंसी को फोन पर इस बैठक की जानकारी दी। बताया कि सितंबर में प्रस्तावित शिखर सम्मेलन के लिए देशभर के 59 शहरों में करीब 250 बैठकें होनी हैं। इसके तहत रामनगर में भी तीन दिनी बैठक होगी। इस कार्यक्रम में शामिल होने वाले प्रतिनिधि चार्टर प्लेन से पंतनगर हवाई अड्डे पर पहुंचेंगे और वहां से रामनगर के लिए सड़क मार्ग से प्रस्थान करेंगे। रामनगर में जाकर वह विज्ञान की शोध पत्रिकाएं सबको कैसे मिलेंगी विषय पर बोलेंगे।