बागेश्वर। जिले में सड़कों पर हो रहे डामरीकरण पर क्षेत्रवासी लगातार सवाल उठा रहे हैं। डीएम विनीत कुमार ने शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए कंधार-सिमखेत और तोली सड़क पर डामरीकरण की जांच का आदेश दिया है। गरुड़ और कपकोट के एसडीएम को जांच अधिकारी बनाया गया है। एक सप्ताह के भीतर जांच रिपोर्ट तलब की है।
विकासखंड गरुड़ के कंधार-सिमखेत मोटर मार्ग पर गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए क्षेत्रवासियों ने डीएम को ट्वीट किया था। कपकोट के ग्राम पंचायत तोली के लोगों ने भी डीएम को पत्र भेजकर पीएमजीएसवाई की सड़क पर डामरीकरण गुणवत्तापूर्ण न करने की शिकायत की थी। डीएम ने शिकायतों का संज्ञान लेकर निर्माण कार्यों की जांच के लिए समिति गठित कर जांच के आदेश जारी किए हैं। कंधार-सिमखेत मोटरमार्ग में घटिया डामरीकरण की जांच के लिए गरुड़ के एसडीएम जयवर्धन शर्मा की अध्यक्षता में जांच समिति गठित की कई है। समिति में ग्रामीण निर्माण विभाग के ईई रमेश चंद्रा, लोनिवि बागेश्वर के ईई केके तिलारा को सदस्य नामित किया है।
तोली को जोड़ने वाली निर्माणाधीन सड़क के निर्माण और डामरीकरण के कार्यों की जांच के लिए कपकोट के एसडीएम प्रमोद कुमार की अध्यक्षता में जांच समिति गठित की गई है। समिति में ग्रामीण निर्माण विभाग के ईई रमेश चंद्रा, लोनिवि कपकोट के ईई संजय कुमार पांडेय को सदस्य नामित किया है। डीएम ने जांच समिति को प्राप्त शिकायतों की जांच गहनता से कर अपनी स्पष्ट आख्या एक सप्ताह के भीतर अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
कमी पाए जाने पर बख्शा नहीं जाएगा : डीएम
बागेश्वर। डीएम विनीत कुमार ने कहा कि आम जनमानस की सुविधा और उपयोग के लिए संचालित योजनाओं में किसी प्रकार की अनियमितता या कमी पाई गई तो कार्यदायी संस्था और संबंधित ठेकेदार के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा निर्माण कार्यों की गुणवत्ता में किसी प्रकार की कमी मिली तो दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
स्यांकोट सड़क के डामरीकरण पर भी उठ चुके हैं सवाल
बागेश्वर। कपकोट विकासखंड की स्यांकोट की सड़क पर हो रहे डामरीकरण के कार्य पर गंभीर सवाल खड़े हो चुके हैं। शिकायत के आधार पर 26 सितंबर को कपकोट के ब्लॉक प्रमुख गोविंद सिंह दानू ने लोनिवि के एई और जेई को साथ लेकर कमेड़ीदेवी-स्यांकोट सड़क में हो रहे डामरीकरण के कार्य का निरीक्षण किया था। हाल में किया गया डामर उखड़ रहा था। इस पर प्रमुख ने काम रुकवा दिया था।