बागेश्वर के सीएमओ कार्यालय पहुंची आंगनबाड़ी कर्मी। संवाद न्यूज एजेंसी
- फोटो : BAGESHWAR
बागेश्वर। बाल विकास विभाग की सूचना में चूक से 6 आंगनबाड़ी कर्मियों को फजीहत का सामना करना पड़ा। विभाग ने इन लोगों को सुबह टीकाकरण केंद्र भेज दिया लेकिन इन लोगों का नाम पहले दिन के टीकाकरण में नहीं था। यह लोग टीकाकरण के लिए सीएमओ कार्यालय स्थित केंद्र पहुंच गए, जहां इन लोगों को फजीहत झेलनी पड़ी।
धारी की आंगनबाड़ी कर्मी ललित टंगड़िया, सरिता देवी, चौहाना की आंगनबाड़ी कर्मी रेखा देवी, चंद्रबिंदु, डोबा की आंगनबाड़ी कर्मी भगवती देवी, गंगा देवी सुबह करीब 10 बजे सीएमओ कार्यालय स्थित टीकाकरण केंद्र में पहुंच गए। इन लोगों ने टीकाकरण के लिए पंजीकरण कराना चाहा, तो वहां तैनात पुलिवस कर्मी ने इन लोगों से मोबाइल में एसएमएस या फोन आने के बारे में मालूमात की। इन लोगों ने व्हाट्सएप पर आई सूची और विभाग से मिला संदेश दिखाया। संदेश में इन लोगों को कहा गया था कि सुबह 10 बजे तक टीकाकरण केंद्र पहुंच जाएं। केंद्र न पहुंचने पर सारी जिम्मेदारी उन लोगों की होगी। इन लोगों का नाम पहले दिन की टीकाकरण सूची में नहीं था। इन लोगों का कहना था कि वह लोग 200 रुपया खर्च कर टैक्सी से केंद्र में पहुंचे हैं। इस प्रकार की गलत जानकारी नहीं दी जानी चाहिए थी।
हो हल्ला बढ़ता देख डिप्टी सीएमओ डॉ. वीके सक्सेना भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने महिलाओं को समझाया कि जिस दिन टीका लगना होगा, उन्हें एसएमएस से इसकी सूचना मिलेगी। समझाने पर यह लोग वापस घर को चल दिए। इनमें से दो आंगनबाड़ी कर्मी कह गए कि अब वह अब टीका लगाने नहीं आएंगे। जो भी हो इस मामले में सरकारी महकमों के बीच तालमेल का अभाव स्पष्ट रूप से देखने को मिला। (संवाद)