गरुड़ (बागेश्वर)। क्षेत्र के अमोली गांव स्थित आस्था के प्रमुख केंद्र प्राचीन हरज्यू मंदिर पर खतरे के बादल मंडरा रहे हैं। मंदिर के ठीक पीछे खड़ा एक विशालकाय चीड़ का पेड़ अनियंत्रित होकर मंदिर की ओर झुक गया है, जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
ग्रामीणों का कहना है कि पेड़ काफी पुराना और भारी है। तेज बारिश या आंधी चलने पर इसके गिरने की पूरी आशंका बनी रहती है। यदि पेड़ मंदिर पर गिरता है, तो जनसहयोग से निर्मित इस प्राचीन मंदिर को भारी नुकसान पहुंच सकता है। ग्रामीणों के लिए यह मंदिर श्रद्धा का केंद्र है, ऐसे में इसके अस्तित्व पर आए खतरे से स्थानीय लोगों में गहरा रोष और भय है। मंदिर परिसर में ही राजकीय प्राथमिक विद्यालय अमोली भी संचालित होता है। छुट्टी के समय या मध्यांतर में बच्चे मंदिर के आसपास ही खेलकूद करते हैं। आंधी-तूफान के दौरान पेड़ गिरने से बड़ी जनहानि की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता है। ग्रामीण जीवन दुबे, गिरीश दुबे, रमेश पांडे, रघुवीर नेगी और राजेंद्र प्रसाद खोलिया ने शासन-प्रशासन से मामले का शीघ्र संज्ञान लेने की मांग की है।