कपकोट की चेटाबगड़ सड़क में आए मलबे को हटाती जेसीबी।
- फोटो : अमर उजाला
बागेश्वर जिले में मानसूनी बारिश का दौर जारी है। बारिश के दौरान कपकोट तहसील क्षेत्र में एक मकान ध्वस्त हो गया। अलग-अलग जगहों पर चार घरों के आंगन टूट गए हैं। छह सड़कों पर यातायात बाधित होने से 10 हजार से अधिक की आबादी प्रभावित हुई है।
रविवार की रात से सोमवार की दोपहर तक जिले में रिमझिम बारिश हुई। शाम तक भी बादल छाये रहने से लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ा। जिला आपदा प्रबंधन कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार बारिश के दौरान कपकोट निवासी पुष्पा देवी पत्नी उत्तम सिंह का पक्का आवासीय मकान क्षतिग्रस्त हो गया। इस दौरान घर के भीतर कोई नहीं होने से हादसा बच गया। गांसी निवासी हीरा राम पुत्र रमी राम, कांडा तहसील के मझेड़ा निवासी कमला देवी पत्नी बलवंत राम, बागेश्वर तहसील के खुनौली निवासी वंशीधर पुत्र प्रेम बल्लभ और चौंरा निवासी गुमान सिंह पुत्र भवान सिंह के आवासीय घरों के आंगन क्षतिग्रस्त हुए हैं।
इन सड़काें पर बाधित है यातायात
सोमवार की सुबह नौ सड़कों पर भूस्खलन के कारण यातायात बाधित था। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी शिखा सुयाल ने बताया कि हरसीला-सीमा, कपकोट-कर्मी, बागेश्वर-कपकोट और भयूं गुलेर सड़क को खोल दिया है। तोली-बघर, धरमघर-माजखेत, चीराबगड़-पोथिंग, मुनार-गांसी और चेटाबगड़ सड़क को खोलने का काम चल रहा है। काफलीकमेड़ा सड़क पहले से ही बंद है।
किड़ई-पचार गांव में पेयजल संकट
दुगनाकुरी तहसील के बैकोड़ी गधेरे से बनी पेयजल योजना के चैंबर बहने और पाइप लाइन टूटने से किड़ई और पचार गांव में पेयजल संकट है। करीब 1500 की आबादी को प्राकृतिक स्रोत और हैंडपंप से पानी जुटाना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने जल्द संकट से निजात दिलाने की मांग की है। जल संस्थान के ईई सीएस देवड़ी ने बताया कि कर्मचारी लाइन की मरम्मत कर रहे हैं। जल्द आपूर्ति सुचारू करा दी जाएगी।
सड़क का एक हिस्सा टूटा
दुगनाकुरी तहसील क्षेत्र के किड़ई स्थित जनरल बीसी जोशी स्टेडियम के समीप बालीघाट-धरमघर सड़क का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। कलमठ की दीवार टूटने से आधी सड़क खाई में समा गई है। बाकी हिस्से पर छोटे वाहन जोखिम उठाकर चलाए जा रहे हैं।