बागेश्वर। राजकीय वृद्ध एवं अशक्त आवास गृह शीघ्र ही आधुनिक बनेगा। इससे यहां रहने वाले वृद्ध और अशक्तों को काफी सुविधा मिलेगी। विभिन्न प्रकार के निर्माण कार्यों के लिए जिला योजना से 35 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है।
बागेश्वर के राजकीय वृद्ध एवं अशक्त आवास गृह में वर्तमान में 13 अशक्त और वृद्ध व्यक्ति रहते हैं। इसके अलावा इसी भवन में राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय भी संचालित होता है। इस विद्यालय में निर्धन परिवारों के 29 बच्चे पढ़ते हैं। दोनों के संचालन का जिम्मा समाज कल्याण विभाग के पास है, लेकिन भवन का लंबे समय से सुधार नहीं हुआ है।
कुछ स्थानों पर रेलिंग नहीं होने से अशक्त जनों के गिरने का खतरा बना रहता है। इसको देखते हुए भवन की साज-सज्जा के लिए समाज कल्याण विभाग की ओर से प्रस्ताव जिला योजना में रखा गया था। अब इस प्रस्ताव को स्वीकृति मिल गई है। इसमें मुख्य रूप से आधुनिक शौचालय बनाए जाएंगे। भवन की रंगाई-पुताई, रेलिंग निर्माण और नालियां दुरुस्त की जाएंगी। इसके अलावा अन्य जरूरी सामग्री भी उपलब्ध कराई जाएगी।
आश्रम भवन में लंबे समय से साज-सज्जा और सुधार की जरूरत महसूस की जा रही थी। जिला योजना में प्रस्ताव रखा गया था। करीब 35 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत हो गई है। सभी कार्य आरईएस द्वारा किए जाएंगे।
- एनएस गस्याल, जिला समाज कल्याण अधिकारी, बागेश्वर।