बागेश्वर। पशुपालन विभाग की ओर से राज्य स्थापना दिवस से पूर्व विभिन्न योजनाओं के शिविरों का आयोजन जारी है। विभाग की ओर से कपकोट में 242 भेड़ों का ड्रेंचिंग और ड्रिपिंग उपचार किया गया। पौंसारी और बैसानी में 50 से अधिक बकरी पालकों को बकरी पालन का प्रशिक्षण दिया गया।
रविवार को पशु चिकित्सालय खाती की ओर से सोराग गांव में ड्रेंचिंग और ड्रिपिंग उपचार शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में माइग्रेटरी भेड़ों को पेट के कीड़ों की दवा और बाह्य परजीवी नाशक दवा दी गई। इस दौरान पशु चिकित्सक डॉ. गौरव कुमार और वैक्सीनेटर धाम सिंह ने 48 भेड़ों का उपचार किया। पशु चिकित्साधिकारी कपकोट डॉ. रोमा, पशुधन प्रसार अधिकारी विनोद देव और फार्मेसी अधिकारी नवीन जोशी ने आपदा प्रभावित क्षेत्र पौसरी, बैसानी और सुमटी के पशुपालकों को पशुपालन विभाग की ओर से संचालित गोट वैली योजना की जानकारी दी। ग्रामीणों को बकरी पालन का प्रशिक्षण दिया गया। पशुपालन विभाग के उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. पंकज जोशी ने बताया कि शिविरों के माध्यम से पशुपालकों में पशु स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने और स्वस्थ पशुपालन को प्रोत्साहित किया जा रहा है।