बागेश्वर। कृषि विज्ञान केंद्र काफलीगैर मेें भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के खरपतवार अनुसंधान निदेशालय जबलपुर के निर्देशन में गाजर घास उन्मूलन जागरूकता सप्ताह के अंतर्गत कार्यक्रम आयोजित किए गए। समापन पर राइंका काफलीगैर में जागरूकता रैली निकाली।
केविके केंद्र के प्रभारी अधिकारी डॉ. एनके सिंह ने कहा कि गाजर घास एक राष्ट्रीय आपदा बन चुका है जिसका पूरे पर्यावरण विशेषकर मानव, पशु स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। इससे लोगों को एलर्जी, अस्थमा, त्वचा रोग आदि समस्याएं हो रही हैं। उन्होंने लोगों से अपने आसपास से इस घास को उखाड़कर नष्ट करने की अपील की। साथ ही वीडियो फिल्म के जरिए गाजर घास के दुष्प्रभावों को दिखाया। राजकीय इंटर कॉलेज काफलीगैर के छात्र-छात्राओं ने रैली के माध्यम से गाजर घास के उन्मूलन की लोगोें से अपील की।
साथ ही सहायक अध्यापक संजय सिंह जनौटी के नेतृत्व कृषि विज्ञान केंद्र के प्रक्षेत्र पर उगी गाजर घास को नष्ट किया। पोस्टर प्रतियोगिता में गरिमा रौतेला, नेहा करायत, गौरव डंगवाल, निबंध में नेहा करायत, मनीषा पांडे, नेहा बिष्ट पहले तीन स्थान पर रहे। विजेता प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र, पुरस्कार भेंट किए गए। वहां डॉ. कमल कुमार पांडे, विषय वस्तु विशेषज्ञ (उद्यान), हरीश चंद्र जोशी विषय वस्तु विशेषज्ञ (पादप सुरक्षा) आदि थे।