बागेश्वर। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के आह्वान पर बुधवार को एसबीआई समेत राष्ट्रीयकृत बैंक की शाखाओं में ताले लटके रहे। बैंक के अधिकारियों, कर्मियों ने बैंक ऑफ बड़ौदा, देना बैंक, विजया बैंक के विलय के प्रयासों का विरोध किया। उन्होंने कॉरपोरेट ऋण बड़े बकाएदारों के विशाल खराब ऋणों की वसूली के लिए त्वरित कार्रवाई की मांग की। उन्होंने लंबित समस्याओं का समाधान शीघ्र न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी। हड़ताल के कारण जहां ग्राहकों की परेशानी हुई वहीं बैंकों का तीन करोड़ रुपये से भी अधिक का कारोबार प्रभावित रहा। नगर के कुल 13 एटीएम में से अधिकतर के कैशलेस होने से एसबीआई के एटीएम पर रुपये निकालने वालों की खासी भीड़ लग गई।
राष्ट्रीयकृत बैंकों में रही हड़ताल
रानीखेत (अल्मोड़ा)। अखिल भारतीय बैंक अधिकारी संघ के आह्वान पर बुधवार को यहां भी राष्ट्रीयकृत बैंकों की हड़ताल रही। इसके चलते करोड़ों रुपये का लेनदेन प्रभावित रहा। ग्राहकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों से पहुंचे ग्रामीण भी परेशान दिखे। संघ का कहना है कि मांगें पूरी होने तक हड़ताल जारी रहेगी।
हड़ताल से बैंकों में लटके रहे ताले
अधिकतर एटीएम कैशलेस होने से लोगों की बढ़ी परेशानियां