बागेश्वर। विशेष न्यायाधीश धनंजय चतुर्वेदी की अदालत ने नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को 12 साल के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है, जुर्माना अदा नहीं करने पर दुष्कर्म के दोषी को तीन माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी।
गरुड़ के जखेड़ा राजस्व क्षेत्र निवासी किशोरी इसी साल 16 जनवरी को लापता हो गई थी। राजस्व पुलिस से मामला सिविल पुलिस को हस्तांतरित होने पर एसआई निधि शर्मा ने मोबाइल सर्विलांस की मदद से नौ मार्च को पीड़िता को अलीगढ़ यूपी में सासनीगेट थाना क्षेत्र के मोहल्ला पंचनगरी निवासी जितेंद्र कुमार शर्मा के घर से बरामद किया। इसके बाद आरोपी जितेंद्र का धारा 376, 365, 56/6 पॉक्सो एक्ट के तहत चालान किया गया था। तब से वह जिला कारागार अल्मोड़ा में बंद है।
आरोप पत्र दायर होने पर विशेष न्यायाधीश धनंजय चतुर्वेदी की अदालत में मामले की सुनवाई हुई। इस दौरान विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो खड़क सिंह कार्की ने आठ गवाह परीक्षित करवाए। पत्रावली में उपलब्ध साक्ष्य और गवाहों के बयानों के आधार पर अदालत ने जितेंद्र को शुक्रवार को यह सजा सुनाई। इसके तहत धारा 365 में सात वर्ष के कठोर कारावास और एक हजार रुपये के अर्थदंड की सजा होगी जबकि पॉक्सो एक्ट के तहत 12 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा भुगतनी होगी। अर्थदंड न चुकाने पर उसे तीन माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।