बागेश्वर। श्यामा प्रसाद मुखर्जी राष्ट्रीय रूर्बन मिशन के तहत बागेश्वर में चयनित कौसानी समेकित क्लस्टर कार्ययोजना को अमल में लाने के लिए 51 करोड़ रुपये से अधिक लागत आएगी। कार्ययोजना के तहत कृषि आधारित पर्यटन को विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है। योजना में टी और फार्म टूरिज्म के लिए 6.4 करोड़ का बजट भी प्रस्तावित है।
शुक्रवार को डीएम रंजना राजगुरु ने वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह की अध्यक्षता में गठित स्टेट लेबल एंपावर्ड कम्यूनिटी के समक्ष कार्ययोजना का प्रस्तुतीकरण किया। बताया कि इस कार्ययोजना की लागत 51 से अधिक होगी। कार्ययोजना की थीम कृषि आधारित पर्यटन है। कार्ययोजना में मुख्य रूप से क्लस्टर में कृषि आधारित पर्यटन को विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है।
टी और फार्म टूरिज्म कार्यकलापों के लिए भी बजट प्रस्तावित है। योजना के तहत कौसानी के सौली तोक में 2.5 हेक्टेयर क्षेत्र में फार्म टूरिज्म, कृषि क्रियाकलाप, डेयरी, मत्स्य पालन, फ्लोरीकल्चर, जैविक खेती, सहासिक खेल प्रस्तावित है। होम स्टे और ट्रैकिंग, साइकिंलिग रूट भी बनाया जाएगा।
इसके साथ कार्ययोजना में आजीविका संवर्द्धन एवं कौशल विकास में भी विशेष बल दिया गया है। इसके तहत क्षेत्र में कार्यरत स्वयं सहायता समूहों को मुर्गी पालन, एग्री प्रोसेसिंग, डेयरी फार्मिंग, माइक्रो फाइनेंस, फल सब्जी उत्पादन और संरक्षण का प्रशिक्षण दिया जाएगा। वहां सीडीओ एसएस पांगती, डीडीओ केएन तिवारी, परियोजना निदेशक शिल्पी पंत आदि थे।