बागेश्वर। बनलेख में मंगलवार को आयोजित तहसील दिवस में जुनायल गांव में मनरेगा के तहत हुए कार्यों की मजदूरी, शौचालय निर्माण कार्यों का भुगतान न मिलने, 14वें वित्त के कार्यों की गुणवत्ता ठीक न होने की शिकायत मिली। इस पर डीएम रंजना राजगुरु ने सीडीओ को संबंधित वीपीडीओ, एबीडीओ का वेतन रोकने के निर्देश देते हुए कमेटी गठित कर 10 दिन में जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा।
शिविर में पानी, सड़क, राशन कार्ड, विद्युत, आवास, सिंचाई से संबंधित 27 शिकायतें दर्ज हुई। पुष्कर राम ने मुआवजा, दिनेश सिंह ने तहसील में प्रमाण पत्रों को ऑनलाइन करने, बैडा-मझेड़ा मोटर मार्ग को जारती तक निर्माण की मांग की। हरीश मेहता ने जुनायल हाईस्कूल में पेयजल की समस्या उठाई। मंजुल जोशी, पार्वती देवी, दिनेश सिंह ने उनके ग्रामों में एकल पेयजल योजना को दुरुस्त रखने की मांग पर डीएम ने संबंधित ग्राम प्रधानों के माध्यम से एकल पेयजल योजनाओं को ठीक कराने को कहा। शिविर में प्राप्त अधिकतर समस्याओं का मौके पर ही निस्तारण किया गया। डीएम रंजना ने सभी अधिकारियों को समस्याओं का प्राथमिकता से निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने लोगों से पारंपरिक खेती, जड़ी-बूटी का उत्पादन कर अपनी आजीविका बढ़ाने को कहा। शिविर में सीडीओ एसएसएस पांगती, एसडीएम एसएस राणा, एपीडी शिल्पी पंत, तहसीलदार दया चंद्र टम्टा ईई पीएमजीएसवाई राजेंद्र प्रसाद, गजेंद्र सिंह, चंद्रशेखर पंत, एएमई जिला पंचायत अरुण बड़थ्वाल, राजस्व उपनिरीक्षक जगदीश परिहार, दिग्विजय सिंह मेहता आदि थे।