सर्वोदय वेलफेयर सोसाइटी ने जोया क्षेत्र के गांव वासीपुर में कैंडल जलाकर सियाचिन के जवानों को श्रद्घांजलि दी। इस मौके पर शहीदों के परिजनों को एक-एक करोड़ मुआवजा, एक-एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की गई।
जोया क्षेत्र के गांव वासीपुर में शुक्रवार को सर्वोदय वेलफेयर सोसाइटी ने सियाचिन में शहीद हुए भारतीय सेना के जवानों के लिए श्रद्घांजलि सभा आयोजित की। प्रबंधक प्रदीप कुमार ने कहा कि लांसनायक हनुमंथप्पा 144 घंटे बाद कई फुट बर्फ के नीचे जिंदा तो मिले, लेकिन तीन दिन के इलाज के बाद दुनिया को अलविदा कह गए।
नौबहार सिंह, रेणुका सिंह, चंद्रकिरण सिंह, सुमिता मिश्रा, सुरजीत सिंह, सुबोध कुमार, नितिन कुमार, देवराज, दरियाल सिंह, अनुज कुमार, पवन कुमार, अजीत सिंह आदि मौजूद रहे।