लोगों को बाद में पता चला कि यह चुनाव के दौरान क्षमता परखने के लिए पुलिस
की मोक ड्रिल थी और राहत की सांस ली। इसके बाद पुलिस लाइन में बलवा ड्रिल
की गई। फायरिंग करके हथियारों की परखा गया। कुछ हथियार खराब निकले, जिन्हें
दुरुस्त करने के असलाह मोहर्रिर को निर्देश दिए गए।
घटना स्थल गुलड़िया
गांव का प्राथमिक विद्यालय का मतदान केंद्र, सायं चार बजे इक्का दुक्का
मतदाता वोट डालने के लिए कतार में लगे हुए थे। तभी कुुछ हथियारबंद लोग
मतदान केंद्र पर पहुंचे और बूथ कैप्चर कर लिया। फोर्स के पहुंचते ही बदमाश
मतपेटी उठाकर रजबपुर दिशा में भागने लगे।
नौगावां सादात और रजबपुर पुलिस ने
बदमाशों का पीछा करना शुरू कर दिया। सड़क पर तेज रफ्तार से सायरन बजाती
दौड़ रहीं पुलिस की गाड़ियों को देखकर लोग सहम उठे। उन्हें लगा कि कहीं कुछ
बड़ी घटना हुई है। पुलिस ने पीछाकर बदमाशों को धर दबोचा। बाद में पता चला
कि पुलिस ने चुनाव के दौरान अपनी क्षमता को परखने के लिए मोक ड्रिल की है।
इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली।
मोक ड्रिल के सफल होने के बाद पुलिस
लाइन में बवाल को रोकने के लिए ड्रिल की गई। फायरिंग करके हथियारों का
परीक्षण किया गया। कुछ रबड़ गन ठीक से काम नहीं कर सकीं और फायर करते वक्त
कारतूस मिस हो गया। एसपी संजीव त्यागी ने आर्म्स मोहर्रिर को हथियारों को
दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। एसपी संजीव त्यागी ने बताया कि चुनाव के
दौरान आपातकालीन स्थित में फोर्स का रेस्पांस कैसा है, यह परखने के लिए मोक
ड्रिल की गई थी। कार्य योजना के अनुसार जिले की फोर्स ने अपनी क्षमता को
परखा है। कुछ रबड़ गन की फायरिंग ठीक नहीं थी। आर्म्स मोहर्रिर को आर्म्स
को दुरुस्त करने के लिए कहा गया है।