अमरोहा। नेशनल हाईवे पर शनिवार रात रूट डायवर्जन में फंसे वाहनों को कब्जे में लेकर दर्जनभर बदमाशों ने जमकर लूटपाट की। नकदी, मोबाइल व कीमती सामान तक छीन लिया। विरोध पर कई चालक-परिचालकों की पिटाई भी कर डाली। वारदात के बाद बदमाशों ने वाहनों को एक-एक करके आगे सरका दिया। उधर, पुलिस ने आपबीती सुनाने पर बिना कार्रवाई डायवर्जन का हवाला देते हुए वाहन चालकों को खदेड़ दिया। वारदात से वाहन संचालकों में दहशत रही।
बताते चलें कि श्रावण मास के आखिरी सोमवार को कांवड़ियों की आवाजाही के चलते नेशनल हाईवे-24 की ट्रैफिक व्यवस्था पटरी से उतरी है। भारी वाहनों का रूट डायवर्ट होने से हैवी ट्रैफिक हाईवे किनारे जहां तहां फंसा है। दो दिन से ब्रजघाट पर भी वाहनों का लंबा जमघट रहा। शनिवार रात लुटेरे शुक्रवार की रात दादरी से मुरादाबाद आ रहे कंटेनर एचआर 38क्यू-0808 पर चढ़ गए। बिहार के सिवान जिला अंतर्गत थाना सरवारा के खमोरी गांव निवासी चालक सुनील कुमार पुत्र रमेश व परिचालक संतोष मिश्रा पुत्र आनंद मिश्रा को केबिन में ही बंधक बना लिया।
इनसे मोबाइल, करीब 18 सौ की नकदी, घड़ी व कपड़े लूट लिए। इसके बाद रुद्रपुर जा रहे ट्रक चालक मनीश पुत्र रूपराम निवासी दतिया मध्यप्रदेश से मोबाइल और अंगूठी व घड़ी, काशीपुर सरिया फैक्टरी जाते कंटेनर ड्राइवर मुरसलीम पुत्र इक्तेदार निवासी फरीदपुर बरेली से साढ़े चार हजार रुपये, मोबाइल, कपड़े लूट लिए। लुटे चालक-परिचालकों के मुताबिक बदमाशों ने वारदात के बाद धमकाते हुए एक-एक कर वाहनों लेकर भगा दिया। आरोप है कि गढ़ व ब्रजघाट चौकी पर सूचना दी तब पुलिस ने डायवर्जन के बाद वाहन लेकर घुसने पर उन्हें दौड़ा दिया। कंटेनर चालक सुनील ने जोया पहुंचकर कंपनी संचालकों को लूट की सूचना दी। पुलिस जानकारी से अनजान बनी है।
हाईवे पर लूटपाट करने वाले बदमाशों ने वारदात को पूरे शातिराना अंदाज में अंजाम दिया। लूटपाट के लिए वाहनों पर चढ़े बदमाशों में कुछ साथी नीचे ही रह गए और उन्होंने ट्रक से डीजल निकालकर सड़क पर ही बिखेर दिया। इसकी जानकारी चालक-परिचालकों को तब हुई जब कुछ ही दूरी पर वाहन खड़े होते गए। चालक सुनील के मुताबिक ब्रजघाट चौकी पर ट्रक बंद होते ही घबराकर पुलिस को सूचना भी दी। लेकिन उन्होंने वहां से लताड़ दिया। टोल प्लाजा पर फिर ट्रक बंद हो गया। जहां तीन सौ रुपये चंदा लेकर तेल डलवाकर जोया तक पहुंचे। कंपनी के अफसर सूचना पर पहुंचे और कंटेनर में तेल भरवाकर ले गए।