बीडीसी बैठक में मौजूद जन प्रतिनिधि।
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विकासखंड भैसियाछाना में हुई बीडीसी बैठक में बिजली, पानी, शिक्षा और सड़क के अलावा जंगली जानवरों से फसलों को हो रहे नुकसान के मुद्दे छाए रहे। क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने चार साल से क्षेत्र पंचायत निधि नहीं मिलने पर नाराजगी जताई। मुख्य अतिथि विधानसभा उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह चौहान ने पतियों की जगह महिला प्रधानों से बैठक में पहुंचने का आह्वान किया।
ब्लॉक सभागार धौलछीना में हुई बैठक में प्रधानों ने खन्यारी, धुरनाली तोक, क्षेत्र पंचायत सदस्य पल्यूं रेवती महरा ने बदौर, सेला और मैकड़ा और उडलगांव में अभी तक विद्युतीकरण नहीं होने का मामला सदन में उठाया। प्रधान हटौला, डूंगरलेख और भैंसियाछाना ने विद्युत पोल बदलने, बिजली के झूलते तारों का मुद्दा उठाया। क्षेपंस दियारी भावना रावत ने बाड़ेछीना-धौलछीना की 33 केवी लाइन के बार-बार खराब होने की शिकायत की। क्षेपंस पल्यूं ने धौलछीना पेयजल लाइन में पानी नहीं होने, क्षेपंस डुगरी ने पेटशाल में लाइन टूटने, थिकलना के सदस्य ने पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त होने का मुद्दा उठाया। अधिकांश सदस्यों ने ग्रामीण क्षेत्र में जानवरों से फसलों को हो रहे नुकसान की चर्चा की।
इसके अलावा क्षेपंस खासतिलाड़ी खिलानंद भट्ट, कुमौली, न्योली, मल्ली नाली,त्रिनौली ने भी समस्या उठाई। क्षेपंस दियारी ने धौलछीना दियारी मोटर मार्ग से मलबा हटाने और गड्ढे भरने की मांग की। सदस्यों ने उद्यान केंद्र धौलछीना में बीज और कीटनाशक दवा समय पर नहीं मिलने की शिकायत की। अध्यक्षता करते हुए ब्लॉक प्रमुख हरीश बनौला ने बाड़ेछीना अस्पताल में रेबीज के इंजेक्शन नहीं होने और धौलछीना सीएचसी में पीने के पानी की व्यवस्था नहीं होने आदि पर नाराजगी जताई। संचालन बीडीओ शंकर दत्त तिवारी ने किया। इस दौरान डीडीओ केके पंत, तहसीलदार खुशबू पांडे, अपर जिलाचिकित्साधिकारी योगेश पुरोहित समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।