महिला उत्पीड़न के मामलों में महिलाओं को जागरूक करने के उद्देश्य से एसएसपी पी रेणुका ने जिले के प्रत्येक थानों में दो-दो महिला कांस्टेबलों को तैनात कर उन्हें गांवों में जाकर जागरूक करने की जिम्मेदारी सौंपी है। महिला पुलिस अब तक करीब तीन दर्जन गांवों में जाकर ग्रामीण महिलाओं को घरेलू हिंसा समेत महिला उत्पीड़न के मामलों के लिए जागरूक कर चुकी हैं।
पदभार संभालने के बाद एसएसपी ने महिला उत्पीड़न के मामलों के प्रति महिलाओं को जागरूक करने के लिए अल्मोड़ा कोतवाली और महिला थाना समेत जिले के द्वाराहाट, चौखुटिया, रानीखेत, भतरौजखान, सल्ट, दन्या, सोमेश्वर और लमगड़ा थाने में में दो-दो महिला कांस्टेबलों को तैनात किया। उन्होंने महिला कांस्टेबलों को गांव में जाकर महिलाओं को उनके अधिकार, घरेलू हिंसा, लड़कियों के अपहरण आदि को लेकर जागरूक करने के निर्देश दिए थे। जिस पर अमल करते हुए विभिन्न थाना क्षेत्रों में तैनात महिला कांस्टेबलों द्वारा अब तक करीब तीन दर्जन गांवों में जाकर महिलाओं को जागरूक किया जा चुका है। इनमें द्वाराहाट, चौखुटिया, रानीखेत, लमगड़ा में चार-चार, सोमेश्वर-भतरौजखान में तीन-तीन, सल्ट-दन्या में दो-दो और कोतवाली और महिला थाना के अंतर्गत पांच-पांच गांव शामिल हैं। एसएसपी खुद भी कुछ जगहों पर जाकर महिलाओं को जानकारी दे रही हैं।
प्रत्येक थाने के अंतर्गत पांच से छह गांव में महिला कांस्टेबलों द्वारा ग्रामीण महिलाओं को महिला उत्पीड़न और घरेलू हिंसा के प्रति जागरूक किया जा चुका है। जिसका अच्छा परिणाम देखने को मिला है। इसे जारी रखा जाएगा।
-पी रेणुका देवी, एसएसपी अल्मोड़ा।