अल्मोड़ा। लंदन के निकाय चुनाव में 11 हजार मतदाता बागेश्वर जिले के मूलवासी गौरव पांडे के भाग्य का फैसला करेंगे। निकाय चुनाव के लिए बृहस्पतिवार देर रात तक मतदान हुआ। शुक्रवार को चुनाव परिणाम घोषित होंगे। गौरव ने आम आदमी पार्टी के मुखिया और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को अपना आदर्श बताया है।
मूलरूप से बागेश्वर जिले के ग्राम चामी निवासी 44 वर्षीय गौरव ने लंदन निकाय चुनाव में मैकवर्थ एंड वार्ड से कंजर्वेटिव पार्टी के लिए काउंसलर पद (सभासद) के लिए दावेदारी पेश की है। बृहस्पतिवार को पांच बूथों पर मतदान शुरू हुआ। फोन पर हुई बातचीत में गौरव ने बताया कि लंदन के समयानुसार बृहस्पतिवार सुबह सात से रात 10 बजे तक वोटिंग हुई।
शुक्रवार सुबह पांच बजे से मतगणना शुरू होगी। चुनाव में वह मैकवर्थ एंड मॉर्ले वार्ड से कंजर्वेटिव पार्टी के लिए काउंसलर पद के उम्मीदवार हैं। गौरव के पिता स्व. हरीश पांडे एमईएस से सेवानिवृत्त थे, जबकि माता मंजुला पांडे गृहिणी हैं। गौरव ने जम्मू के केंद्रीय विद्यालय उधमपुर से अपनी शिक्षा प्राप्त की।
लखनऊ से होटल मैनेजमेंट करने के बाद वर्ष 2003 में वह लंदन चले गए। वर्ष 2007 में गिन्नी सचार से उनकी शादी हुई। उन्होंने बताया कि उनकी पत्नी मूल रूप से पंजाब की हैं जबकि उनका परिवार अब ऑस्ट्रेलिया में है।
उनकी पत्नी गिन्नी ने नैनीताल के ऑल सैंट्स स्कूल से शिक्षा ग्रहण की। गौरव ने बताया कि वह दिल्ली की केजरीवाल सरकार से काफी प्रेरित हैं। वह उन्हीं की तर्ज में विकास कार्य करना चाहते हैं।
सातवां चुनाव लड़ रहे गौरव, पक्ष मजबूत
अल्मोड़ा। छह बार निकाय चुनाव लड़ चुके गौरव का यह सातवां निकाय चुनाव है। इस बार भारतीयों की नजर भी उनके इस चुनाव पर है।
गौरव ने बताया कि पिछले चुनाव में वह 150 मतों के अंतर से हारे थे, जबकि उससे पहले एक बार मात्र 10 मतों का अंतर रहा लेकिन इस बार कड़े मुकाबले में उनका पक्ष मजबूत माना जा रहा है। उन्होंने बताया कि चुनाव के लिए पांच बूथ हैं, जिनमें करीब 10 हजार मतदाता पंजीकृत हैं। हालांकि वहां मात्र 30 से 35 प्रतिशत तक ही मतदान होता है।
लंदन में काफी कम खर्च में ही निपटता है चुनाव
अल्मोड़ा। भारत के मुकाबले लंदन चुनाव में चुनावी खर्चा काफी कम बताया जा रहा है। गौरव ने बताया कि वहां कार्यकर्ताओं पर कोई जिम्मेदारी नहीं होती। उम्मीदवार को खुद ही सारा दारोमदार संभालना होता है।
उम्मीदवार घर-घर जाकर चुनाव प्रचार करते हैं। उन्होंने बताया कि चुनावी खर्च मामूली सा होता है। लंदन के करीब 700 से 800 पोंड में ही चुनाव खर्च सिमट जाता है जबकि खर्च की सीमा भी 1200 से 1300 पोंड तक तय की गई है।