द्वाराहाट ब्लॉक में कार्यरत एक महिला ग्राम पंचायत विकास अधिकारी (वीडीओ) ने सोमवार दोपहर ब्लॉक मुख्यालय परिसर में सल्फास खा लिया। आनन-फानन में महिला को पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और फिर राजकीय अस्पताल रानीखेत रेफर किया गया।
पुलिस को दिए बयान में वीडीओ ने खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) पर शोषण करने का आरोप लगाते हुए कहा है कि बीडीओ के कारण ही उसने आत्मघाती कदम उठाया है।
जानकारी के अनुसार महिला ग्राम पंचायत विकास अधिकारी वीडीओ को कार्यालय परिसर में अचानक उल्टियां होने लगीं और वह बेसुध सी हो गईं।
आनन-फानन में उन्हें द्वाराहाट सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे रानीखेत रेफर किया गया।
रानीखेत में पुलिस को दिए बयान में महिला वीडीओ ने कहा कि उनके खंड विकास अधिकारी रमेश चंद्र ने उनकी जिंदगी बर्बाद करके रख दी है। वह बड़ी उम्मीदों के साथ द्वाराहाट ब्लॉक में वीडीओ बनी थी। लेकिन बीडीओ लगातार उनका शोषण करता रहा और अब उसे जीने की चाह नहीं है।
इसीलिए उसने सल्फास खा लिया है। बयान के दौरान वह जोर-जोर से बेचैनी के साथ चिल्लाती रही। इधर, अस्पताल के डॉ. रमाकांत सागर ने कहा कि यदि महिला ने सल्फास खाया है तो मामला काफी चिंताजनक है। महिला की गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें हल्द्वानी रेफर कर दिया है।
2013 में हुई थी वीडीओ पद पर ज्वाइनिंग
रानीखेत। द्वाराहाट में ग्राम पंचायत विकास अधिकारी पद पर महिला की नियुक्ति 2013 में हुई थी। वह खटीमा की रहने वाली हैं। उनके पति दिल्ली सीबीआई में एसपी हैं। बयान में वीडीओ ने बताया कि वह अच्छे परिवार से हैं, लेकिन बीडीओ रमेश चंद्र जबसे उसकी जिंदगी में आया, तब से उसके साथ बुरा हुआ है।
जीते जी कुछ नहीं बिगाड़ पा रही थी बीडीओ का
महिला वीडीओ ने कहा कि खंड विकास अधिकारी रमेश चंद्र का मैं जीते जी कुछ नहीं बिगाड़ पा रही थी, लेकिन मरकर तो मैं उसका पीछा नहीं छोड़ूंगी। अब इस जिंदगी में कुछ भी नहीं रखा है।