अल्मोड़ा। सेराघाट के नाली और बाड़ेछीना के सुपई गांव में दो लोगों की निर्मम हत्या के मामले अब रेगुलर पुलिस को ट्रांसफर हो गए हैं।
बीते दिनों बाड़ेछीना के सुपई गांव निवासी राजेंद्र सिंह चम्याल (30) पुत्र नैन सिंह चम्याल को कांचुला पुल के समीप गांव के ही करीब 15-20 लोगों ने लाठी और डंडों से हमला कर अधमरा कर दिया था। गंभीर हालत में उसे जिला अस्पताल अल्मोड़ा लाया गया जहां उसने दम तोड़ दिया था। जिसके बाद मृतक की पत्नी कमला की तहरीर पर अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या के आरोप पर 302 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया था।
दूसरे मामले में सेराघाट के समीप नाली गांव में जमीन विवाद को लेकर बड़े भाई ने कुछ अन्य के साथ मिलकर छोटे भाई राजेंद्र सिंह (50) पुत्र स्व. प्रताप सिंह को लाठी-डंडों से जमकर पीटा। राजेंद्र को गंभीर हालत में जिला अस्पताल से हल्द्वानी रेफर किया गया। जहां कुछ दिन बाद उसकी मौत हो गई थी।
आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर ग्रामीणों ने शव रख अल्मोड़ा-बेड़ीनाग मोटरमार्ग पर जाम लगाया था। तहरीर के बाद राजस्व पुलिस ने मृतक के बड़े भाई, भतीजे और अन्य दो लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया। मृतक के भतीजे हेमंत सिंह, संबंधी बालम सिंह और नीरज सिंह तीन आरोपियो को गिरफ्तार किया जा चुका है। वहीं बड़ा भाई चंदन सिंह अभी भी गिरफ्त से बाहर है।
23 जुलाई को दोनों मामलों में राजस्व पुलिस ने मुकदमों को रेगुलर पुलिस में हस्तांतरित करने के लिए आवेदन पत्र दिया था। एसडीएम सीमा विश्वकर्मा ने बताया कि आवेदन के बाद डीएम के निर्देश पर अब मुकदमा रेगुलर पुलिस को ट्रांसफर कर दिया गया है। कोतवाल हरेंद्र चौधरी ने बताया कि मामला ट्रांसफर हो चुका है। सुपई गांव के मामले की जांच एसएसआई बसंती आर्या को सौंपी जा रही है। इधर महिला थानाध्यक्ष श्वेता नेगी ने कहा कि सेराघाट के नाली गांव का मामले की फाइल शाम तक आने की उम्मीद है। जिसके बाद जांच शुरू कर दी जाएगी।