मौलेखाल (अल्मोड़ा)। सल्ट में सस्ता गल्ला विक्रेताओ को ऑनलाइन खाद्यान्न प्रणाली का एक दिवसीय प्रशिक्षण शुक्रवार को नकुचिया गोदाम में दिया जाना था, लेकिन सुबह 10 बजे से एक बजे तक इंटरनेट नहीं चला। इससे गुस्साए गल्ला विक्रेताओं ने नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
बाद में सल्ट के सस्ता गल्ला विक्रेताओं ने सल्ट गोदाम नकुचिया के प्रांगण में बैठक की और दुकान चलाने में आ रही दिक्कतों के निवारण के लिए उपजिलाधिकारी राहुल शाह के माध्यम से जिलाधिकारी को ज्ञापन भेजा।
गल्ला विक्रेताओं ने मांग उठाई कि दुकान का किराया और इंटरनेट का खर्चा दिया जाना चाहिए। 2008 से अभी तक का बाल पोषाहार का किराया नहीं मिला है। गोदाम से खाद्यान्न तोल कर दिए जाने की मांग भी अधूरी है। गल्ला विक्रेताओं को कमीशन देने के बजाय मानदेय मिलना चाहिए।
साथ ही उन्हें राज्य कर्मचारी घोषित किया जाए। चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का निराकरण नहीं किया गया तो सभी गल्ला विक्रेता आंदोलन को बाध्य होंगे। साथ ही सामूहिक इस्तीफा देने को मजबूर होंगे। प्रदर्शन में कुंदन सिंह, मोहन सिंह, राजेंद्र सिंह, श्याम सिंह, रघुवर दत्त, दिनेश सिंह रावत, दीप चन्द्र भट्ट, चंदन सिंह, भूपाल सिंह, माधो सिंह, केशव दत्त शर्मा, खीम सिंह बंगारी, रधुली देवी, गंगा दत्त, हरीश चंद्र, शंकर दत्त, देवी दत्त ने भाग लिया।
सस्ता गल्ला विक्रेताओं के आंदोलन को समर्थन जताते हुए सल्ट व्यापार मंडल अध्यक्ष घनानंद शर्मा ने कहा कि गल्ला विक्रेताओं को प्रशिक्षण ऐसे स्थान पर दिया जाना चाहिए जहां नेट चलता हो। प्रशिक्षण तहसील या ब्लॉक सभागार में आयोजित करना चाहिए। चेतावनी दी कि यदि गल्ला विक्रेताओं की मांग पूरी नहीं हुई तो व्यापार मंडल भी उनके समर्थन में आंदोलन को बाध्य होगा।