मुख्यमंत्री की स्वागत करते कांग्रेसी।
- फोटो : अमर उजाला
मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि गैरसैंण में विधानसभा भवन, विधायक आवास, सड़क और अन्य संसाधन जुटाए जा रहे हैं। समय आने पर लोगों की मंशा के अनुरूप स्थायी राजधानी पर निर्णय ले लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि तीस हजार नौजवानों को सरकारी नौकरी देने का लक्ष्य रखा गया है।
हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी नौकरी के भरोसे राज्य की प्रगति संभव नहीं है। इसलिए स्वरोजगार पर ध्यान देना होगा। इसके लिए पशुपालन, मत्स्य पालन, बागवानी और कृषि आमदनी का अच्छा स्रोत हो सकते हैं।
श्री रावत यहां बाखली खेल मैदान में जनसभा को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्राथमिक से लेकर उच्च शिक्षा की दशा सुधारने की दिशा में कई कदम उठाए गए हैं। सितंबर तक सभी विद्यालयों में शिक्षकों के पद भर दिए जाएंगे। फार्मेसिस्टों के रिक्त पद भी शीघ्र भरने की बात सीएम ने कही। कहा कि शिक्षा की व्यवस्था महज सरकारी प्रयासों से ही नहीं सुधरेगी बल्कि अभिभावकों को भी सामूहिक प्रयास करने होंगे।
सीएम ने लोगों से मडुवे, झ़िगुरा, गहत, भट की खेती के साथ ही पौधरोपण करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा दूध पर बोनस देने वाला उत्तराखंड पहला राज्य है। उन्होंने कहा कि गाय गंगा योजना के तहत गरीबों को सरकार द्वारा सस्ती दर पर अच्छी नस्ल की गायें दी जा रही हैं। उन्होंने पिछले दिनों हुए राजनीतिक घटना क्रम को लेकर भाजपा पर भी जमकर प्रहार किए।